सोलन। कोविड के दौर में सर्दियों के मौसम में पीपीई किट की तर्ज पर सस्ते बॉडी वार्मर भी एक बार यूज कर डिस्पोज किया जा सकेंगे। वहीं, आपात स्थिति में कोहरे से पीने योग्य पानी भी निकाला जा सकता है।
सोलन जिले के होनहार विद्यार्थियों ने इंस्पायर अवार्ड योजना के लिए ऐसे आविष्कार किएहैं। भविष्य के इन वैज्ञानिकों का चयन इंस्पायर अवार्ड मानक के तहत राज्य स्तर की प्रतियोगिता के लिए हुआ है। कम लागत में किए इस रचनात्मक कार्य के लिए जिले से पांच विद्यार्थियों का चयन हुआ है।
जिला स्तर की प्रतियोगिता 26 अक्तूबर 2021 को ऑनलाइन की गई थी। इसमें जिले से 45 विद्यार्थियों ने भाग लिया था। इसमें से पांच विद्यार्थियों के मॉडल चयनित किए गए हैं।
इंस्पायर अवार्ड मानक के जिला नोडल अधिकारी डॉ. राजकुमार ने बताया कि इंस्पायर कोविड-19 के बीच जिला स्तरीय इंस्पायर अवार्ड मानक योजना की प्रतियोगिता ऑनलाइन की गई। इसमें छठी से दसवीं तक के स्कूलों ने भाग लिया था। इसमें मॉडल तैयार करने के लिए स्कूलों को अनुदान भी दिया था।
इनमें रावमापा सायरी की नौवीं की छात्रा सोनम शर्मा ने कोहरे से पीने योग्य पानी, शिवालिक वैली पीएस कृपालपुर स्कूल के केशव अग्रवाल ने मास्क को नष्ट करने की मशीन, एसडी स्कूल सोलन से दसवीं कक्षा के विद्यार्थी लक्ष्य ने डिस्पोजेबल बॉडी वार्मर, डीएवी अंबुजा निकेतन स्कूल दाड़लाघाट सातवीं कक्षा की रायमा ने सेंसर फेस शील्ड और राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला धुंधन के आठवीं कक्षा के पंकज चंदेल का लो कॉस्ट स्मार्ट टचलेस टॉयलेट का मॉडल राज्य स्तरीय के लिए चयनित किया गया है।
यह प्रतियोगिता भी ऑनलाइन होगी। उपनिदेशक उच्च शिक्षा जिला सोलन जगदीश नेगी ने चयनित विद्यार्थियों और उनके अध्यापकों को बधाई दी है। (संवाद)