ऐसे में सोलन में अधिकारियों ने इलेक्ट्रिक बस को ट्राले पर ही लादे रखा। हालांकि, तीन दिन तक लोग इसे देखने के लिए सेब मंडी जरूर पहुंचे। बुधवार को देर शाम शुभ मुहूर्त होने के बाद ही हिमाचल पथ परिवहन निगम सोलन डिपो के अधिकारियों ने नारियल फोड़ने के बाद बस को मिट्टी के ढेर पर उतारा।
अब आगामी दिनों में बस के ट्रायल प्रदेश में शुरू हो जाएंगे। पहला ट्रायल शिमला में होगा। इसके बाद बस के सोलन और अन्य डिपो में ट्रायल करवाए जाएंगे। ट्रायल सफल होने के बाद रिपोर्ट दी जाएगी। इसके बाद प्रदेश सरकार हिमाचल पथ परिवहन निगम के विभिन्न डिपो में इलेक्टि्रक को शामिल कगेगी। सरकार की ओर से पहले चरण में करीब 300 बसों को बेड़े में शामिल करेगा।
वर्तमान में सोमवार को इलेक्ट्रिक प्रोटोटाइप बस हैदराबाद से सोलन पहुंची। इसे उतारने के लिए ट्राला सोमवार को वर्कशॉप के पास खड़ा हुआ। बुधवार को ट्राला सुबह ही वर्कशॉप से निकला और सेब मंडी के पास लगे मिट्टी के ढेर के साथ खड़ा हो गया। दिनभर खड़ा रहने के बाद देर शाम करीब 7:00 बजे शुभ मुहूर्त में बस को ट्राले से उतारा गया।
ट्रायल के लिए आई इलेक्ट्रिक बस सोलन आई है। इसे शुभ मुहूर्त पर ट्राले से उतारा गया है। -सुरेंद्र राजपूत, क्षेत्रीय प्रबंधक, एचआरटीसी सोलन।