डीसी राकेश कंवर ने कहा कि जिले में छात्रों को विभिन्न प्रकार के प्रमाण पत्र स्कूलों में ही जारी करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, आय, डोगरा तथा अन्य प्रमाण पत्र स्कूलों में ही विद्यार्थियों को जारी किए जाएंगे। इसके साथ ही आंगनबाड़ी में जाने वाले बच्चों को भी इस प्रकार के प्रमाणपत्र आंगनबाड़ी में ही जारी होंगे। इस अभियान को जिला के दूरदराज के क्षेत्रों से आरंभ किया जाएगा।
उपायुक्त जिले के राजस्व अधिकारियों की बैठक की अध्यक्षता के दौरान बोल रहेे थे। उन्होंने कहा कि जिला में निशानदेही के कार्य को समय पर पूरा कर उसकी रिपोर्ट तैयार करने के लिए आठ वर्ष का कार्यकाल पूरा कर चुके ग्रामीण राजस्व अधिकारियों (पटवारियों) को लगाया जाएगा। इससे पुराने पड़े मामलों को निपटाने में सहायता मिलेगी। इस प्रक्रिया के तहत पुराने मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जा सकेगा। उपायुक्त ने राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि राजस्व से संबंधित पड़े मामलों को शीघ्र निपटाया जाए। बैठक में एडीएम संदीप नेगी, भारतीय प्रशासनिक सेवा के परीविक्षाधीन अधिकारी मुकेश रेपसवाल, एसडीएम एकता कापटा, एसडीएम कंडाघाट नीलम दुल्टा, एसडीएम एलआर वर्मा, सहायक आयुक्त छवि नांटा, जिला राजस्व अधिकारी अरुण शर्मा सहित जिले के विभिन्न अधिकारी मौजूद रहे।