संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। कसौली विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत भोजनगर के गटोली गांव में बोरवेल के विरोध में एक किसान ने जहर खा
लिया। किसान को 108 एंबुलेंस की मदद से धर्मपुर अस्पताल लाया गया।
जहां से डॉक्टरों ने हालत गंभीर देखते हुए आईजीएमसी शिमला रेफर कर दिया। किसान की हालत नाजुक बनी हुई है। किसान के बेटे सिद्धार्थ ने बताया कि उन्होंने गटोली में अपनी जमीन पर खेतीबाड़ी करने के लिए बोरवेल करवाया हुआ है। काफी समय से वह इसी की मदद से जमीन में टमाटर, शिमला मिर्च समेत अन्य नकदी फसलें उगाते हैं, मगर कुछ समय पहले यहां पर जमीन बिकने से कुछ बिल्डरों ने फ्लैट बनाने का कार्य शुरू किया। उन्होंने आरोप लगाया कि बिल्डरों ने जबरन बिना परमिशन के बोरवेल लगाना शुरू कर दिया। सिद्धार्थ ने आरोप लगाया कि बिल्डरों के पास बोरवेल लगाने की कोई परमिशन नहीं है। शुरुआत में उन्होंने यहां पर विरोध करके इसे रोक दिया।
मंगलवार को बिल्डर बोरवेल लगाने के लिए मशीन लेकर पहुंच गए। उसके बाद उन्होंने स्थानीय पुलिस चौकी भोजनगर में इसकी सूचना दी। सूचना के बाद परवाणू से एएसआई की अध्यक्षता में मौके पर टीम पहुंची। सिद्धार्थ ने आरोप लगाया कि पुलिस वाले उन्हें गुमराह करके भोजनगर चौकी में ले गए और वहां बातों में उलझाते रहे। दूसरी और बिल्डर मौके पर बोरवेल करते रहे। इसके बाद उनके पिता ने घर जाकर जहर खा लिया। उन्होंने सुसाइड नोट भी लिखा है जिसमें इस बोरवेल का विरोध जताते हुए पुलिस कर्मियों और बिल्डरों पर आत्महत्या को उकसाने का आरोप लगाया है। जलशक्ति विभाग के अधिशासी अभियंता ई सुमित सूद ने कहा कि मामले की जांच की जाएगी। एसपी वीरेंद्र शर्मा ने बताया कि सुसाइड करने का मामला दर्ज कर लिया गया है।