सोलन-बड़ोग मार्ग पर पंचपरमेश्वर के समीप पत्थरों को हटाते लोग। संवाद
सोलन। जिले में बारिश के बाद खिली धूप से अब पहाड़ियों के दरकने का सिलसिला शुरू हो गया है। कालका-शिमला नेशनल हाईवे पांच पर कई जगहों में पहाड़ों से पत्थर सड़क पर गिरे हैं। वहीं सोलन-कुमारहट्टी वाया बड़ोग सड़क पर करीब 10:30 बजे पंचपरमेश्वर मंदिर के पास भारी मात्रा में भूस्खलन हुआ। सड़क के बंद होने से करीब आधा घंटे तक वाहनों की आवाजाही भी बंद रही। इस कारण बड़ोग से सोलन आ रहे वाहनों की लंबी कतारें लग गई।
गनीमत यह रही कि इस दौरान गुजर रही पिकअप और कार चालक ने पत्थर गिरते देख लिए और ब्रेक दिए। नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था। यहां पर करीब 15 मिनट तक रुक-रुक पहाड़ी से पत्थर गिरते रहे। इसकी सूचना वाहन चालकों ने सोलन पुलिस को दी। इसके बाद दोहरी दीवार से चंडीगढ़ की ओर जाने वाले वाहनों को बड़ोग बाईपास से भेजा गया। वहीं भूस्खलन रुकने के बाद वाहन चालकों ने स्वयं सड़क से पत्थर हटाए। इसके बाद वनवे वाहनों की आवाजाही शुरू हुई। वहीं वाहन चालकों ने इस बारे लोनिवि को भी सूचित किया। हालांकि इस दौरान बसों में आए लोगों को पंचपरमेश्वर से पैदल बाईपास तक पहुंचना पड़ा। इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा है।
वहीं कालका-शिमला नेशनल हाईवे पांच पर कुमारहट्टी फ्लाईओवर के बाड़ा छोर के समीप भी पहाड़ी से बड़े-बड़े पत्थर सड़क पर गिरे। इसी के साथ सलोगड़ा से कंडाघाट के बीच भी कई जगहों पर भूस्खलन हुआ। इसके चलते लोगों को दिनभर जान जोखिम में डालकर हाईवे से गुजरना पड़ा है। गौर रहे कि बुधवार को जिले में दिनभर बारिश पड़ी। इस कारण वीरवार को भी लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। हाईवे समेत कई जगहों पर पत्थरों के आने से गुजर रहे वाहनों पर भी खतरा बना रहा। हालांकि गिर रहे पत्थरों के कारण हाईवे बाधित न हो इसे लेकर फोरलेन निर्माता कंपनी की टीमें मौके पर तैनात रहीं और पत्थरों को हटाती रहीं।
सोलन-बड़ोग मार्ग पर पंचपरमेश्वर के समीप पत्थरों को हटाते लोग। संवाद