संवाद न्यूज एजेंसी
बद्दी (सोलन)। बद्दी पुलिस और खनन विभाग की टीम ने सहायक भू-वैज्ञानिक के नेतृत्व में रत्ता और बालद खड्ड पर अवैध खनन का निरीक्षण किया। इस दौरान खनन विभाग की टीम को स्थानीय लोगों की गुस्से का शिकार होना पड़ा।
लोगों ने यहां तक कहा कि खनन विभाग के अधिकारी खनन माफिया से मिले होने से सूचना देने के बाद भी मौके पर नहीं पहुंचते हैं। इससे खनन करने वाले लोगों को हौसले बुलंद हैं।
शिमला से आए सहायक भू-वैज्ञानिक मनीष कुमार, खनन अधिकारी सत्य देव, तहसीलदार बद्दी पीएन रघुवंशी, डीएसपी नवदीप सिंह और थाना प्रभारी दयाराम ठाकुर ने रत्ता और बालद नदी पर सरकारी जमीन पर हो रहे खनन का निरीक्षण किया।
गुल्लरवालां पंचायत के पूर्व प्रधान राजेंद्र झल्ला समेत दर्जनों ग्रामीणों ने बताया कि लगातार खनन होने से उनका शमशानघाट को खतरा बना हुआ है। रत्ता खड्ड में बिजले के खंभों के नीचे से लगातार खनन हो रहा है। इससे यह बिजली की लाइन कभी भी क्षतिग्रस्त हो सकती है और बिजली बोर्ड को लाखों रुपये का नुकसान उठाना पड़ेगा।
सहायक भू-वैज्ञानिक ने पुलिस को यहां पर हो रहे खनन के खिलाफ पुलिस को एफआईआर दर्ज करने और तहसीलदार को इसकी रिपोर्ट तैयार करने को कहा। उधर, डीएसपी नवदीप सिंह ने बताया कि तहसीलदार की रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी जाएगी।