फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना से बचाव को लेकर स्टाफ की कमी रहेगी सबसे बड़ी चुनौती

विज्ञापन
staff shortages will creat prblem to fight with omicrown in sirmaur
विज्ञापन
नाहन (सिरमौर)। कोरोना के तीसरे वैरिएंट ओमिक्रॉन से बचाव को लेकर जिला प्रशासन समेत स्वास्थ्य महकमे की तैयारियां लगभग पूरी हैं। सिरमौर में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं। मेडिकल कॉलेज नाहन के अलावा जिले में तीन से चार कोविड अस्पताल और केयर सेंटर स्थापित हैं।
विज्ञापन

इसके साथ-साथ 100 बिस्तर का मेक शिफ्ट अस्पताल भी बनकर तैयार है, जिसे मरीजों के लिए सभी सुविधाओं से लैस किया गया है।
कोरोना से निपटने की इन तैयारियों के बीच यदि तीसरी लहर आती है तो स्टाफ की कमी सबसे बड़ी चुनौती बनकर सामने आ सकती है। मेडिकल और पैरामेडिकल स्टाफ की कमी के चलते कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन की रोकथाम और मरीजों के उपचार की व्यवस्था गड़बड़ा सकती है। कोरोना की पहली और दूसरी लहर के बीच भी प्रतिनियुक्ति पर स्टाफ की तैनाती कर व्यवस्था को जैसे-तैसे पटरी पर लाने की कोशिश की गई थी।
मेडिकल कॉलेज नाहन में पहले ही विभिन्न विभागों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी बनी है। बच्चों के महज दो ही चिकित्सक तैनात हैं। गायनी में तीन चिकित्सक हैं, जिनमें मौजूदा समय में दो सेवाएं दे रहे हैं। कभी कभार ओपीडी चलाना भी मुश्किल है। इसके अलावा छह पद खाली हैं, जिसमें प्रोफेसर का एक, असिस्टेंट प्रोफेसर के दो, सीनियर रेजिडेंट के तीन पद खाली हैं। रेडियोलॉजी विभाग में एचओडी समेत अभी तीन विशेषज्ञ चिकित्सक तैनात हैं, जिनमें दो सेवाएं दे रहे हैं। मेडिकल कॉलेज में ईएनटी का पद खाली है।
विज्ञापन

कोरोना काल में अल्ट्रासाउंड, एनेस्थीसिया व मेडिसिन के विशेषज्ञ चिकित्सकों की जरूरत ज्यादा रहती है। इसके साथ-साथ जिले के अन्य अस्पतालों में भी मेडिकल समेत पैरामेडिकल स्टाफ की कमी है। कहीं चिकित्सकों का टोटा है तो कहीं आधुनिक उपकरण नहीं। अब यदि कोरोना का नया वैरिएंट ओमिक्रॉन दस्तक देता है तो स्टाफ का टोटा मुश्किल पैदा कर सकता है।
1--ओमिक्रॉन से निपटने की तैयारियां पूरी : सीएमओ
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजीव सहगल का कहना है कि ओमिक्रॉन से निपटने की तैयारियां पूरी हैं। कुछ चिकित्सकों व पैरामेडिकल स्टाफ की कमी जरूर है। कोरोना की तीसरी लहर से निपटने के लिए हरसंभव कदम उठाए जाएंगे।
2--व्यवस्था बनाकर इस महामारी से निपटा जाएगा : प्रिंसिपल
मेडिकल कॉलेज नाहन के प्रिंसिपल डॉ. एनके महेंद्रु ने बताया कि कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन को लेकर तीसरी लहर का सामना करने के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल तैयार है। स्टाफ की कमी जरूर है, लेकिन व्यवस्था बनाकर इस महामारी से निपटा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें