संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन/रोनहाट/शिलाई (सिरमौर)। शिलाई विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत शिक्षा खंड रोनहाट के चार राजकीय प्राथमिक विद्यालयों में भवनों की जर्जर स्थिति को देखते हुए विभाग ने कड़ा संज्ञान लिया है। वीरवार को विशेष समिति ने इन स्कूलों का निरीक्षण किया। समिति ने सात कमरों को बच्चों की सुरक्षा के लिहाज से बेहद खतरनाक मानते हुए उन्हें असुरक्षित घोषित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
भवनों की वास्तविक स्थिति की जांच के लिए गठित इस समिति में उच्चाधिकारी और तकनीकी विशेषज्ञ शामिल रहे। निरीक्षण के दौरान प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक राजीव ठाकुर, खंड शिक्षा अधिकारी (रोनहाट) नीलम ठाकुर, लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता अनिल ठाकुर, समग्र शिक्षा के कनिष्ठ अभियंता मोहन सिंगटा, कार्यालय अधीक्षक गगनदीप सहित संबंधित स्कूलों के प्रभारी और एसएमसी अध्यक्ष विशेष रूप से उपस्थित रहे।
समिति ने पाया कि स्कूलों के कमरों की हालत अत्यंत जर्जर है। इसमें प्राथमिक पाठशाला हकायना के दो कमरे, प्राथमिक पाठशाला बौंच के दो कमरे, प्राथमिक पाठशाला जरवा के दो कमरे और प्राथमिक पाठशाला अजरोली का एक कमरा जर्जर पाया गया।
निरीक्षण के बाद समिति ने इन सभी सात कमरों को असुरक्षित घोषित करने के लिए आवश्यक दस्तावेजी कार्यवाही पूरी कर ली है। इस संबंध में विस्तृत रिपोर्ट निदेशक, स्कूल शिक्षा (हिमाचल प्रदेश) को भेजी जा रही है। विभागीय स्वीकृति मिलने के बाद इन जर्जर ढांचों को गिराया जाएगा। साथ ही विद्यार्थियों की सुविधा के लिए नए कमरों के निर्माण के लिए सरकार से बजट की मांग भी की जाएगी। इसकी पुष्टि प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक राजीव ठाकुर ने की है।
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