ददाहू (सिरमौर)। सिविल अस्पताल ददाहू में स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह चरमरा गई हैं। यहां तैनात एक चिकित्सक का तबादला और एक चिकित्सक की प्रतिनियुक्ति समयावधि पूरी होने से अब केवल दो चिकित्सकों के सहारे अस्पताल का जिम्मा रह गया है। इनमें से एक चिकित्सक के आपातकाल, ऑपरेशन और प्रसव के लिए जाने के बाद ओपीडी में समस्या और विकराल हो रही है।
स्थान सिविल अस्पताल ददाहू की ओपीडी। समय सुबह 10:35 बजे। इस समय तक कोई भी चिकित्सक ओपीडी में नहीं पहुंचा था। मरीज हाथों में पर्ची लेकर भरी गर्मी में चिकित्सक का इंतजार करते दिखे। ददाहू से करीब 25 किलोमीटर दूर डाडा खिलोर के सुरेश पाल, डेबर घाट निवासी श्याम लाल व पूर्ण चंद, सुमित्रा देवी, बाउनल के कुलानंद, वीर सिंह, सुषमा, विद्या देवी, कमल किशन कोटिधीमान की हर देवी, रजाना गांव की आशा व अमरा देवी सहित दर्जनों रोगी दुर्गम ग्रामीण इलाकों से अपना उपचार करवाने ददाहू अस्पताल पहुंचे।
सभी हाथों में पर्ची लिए चिकित्सक की के इंतजार में खड़े दिखाई दिए। श्याम लाल और पूर्ण चंद ने बताया कि वह सुबह 9:30 बजे से उपचार के लिए लाइन में खड़े हैं लेकिन अभी तक कोई भी चिकित्सक यहां नहीं पहुंचा है। मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
दोपहर डेढ़ बजे तक अस्पताल में उपचार के लिए लंबी-लंबी लाइनें लगी रहीं। अस्पताल में केवल एक ही चिकित्सक सेवाएं दे रहा था। गौरतलब है कि सिविल अस्पताल ददाहू में चिकित्सकों के छह पद सृजित हैं। इनमें से चार पद खाली चल रहे हैं। ऐसे में दुर्गम ग्रामीण इलाकों से आने वाले रोगियों विशेषकर महिलाओं, बच्चों व बुजुर्गों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शुक्रवार को कुछ रोगी बिना उपचार करवाए लौट गए।
कार्यवाहक मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. निसार अहमद ने बताया कि सिविल अस्पताल ददाहू में चिकित्सकों के रिक्त पदों के बारे में विभाग के उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया है। एक महिला चिकित्सक का तबादला हुआ है। एक चिकित्सक की प्रतिनियुक्ति की समय सीमा 31 मई को समाप्त हो गई है। दोबारा प्रतिनियुक्ति करने का उनके पास अधिकार नहीं है।