नाहन (सिरमौर)। मिड-डे-मील वर्कर यूनियन और आंगनबाड़ी वर्कर यूनियन ने दो सितंबर को हड़ताल का ऐलान किया है। अपनी मांगों को लेकर दोनों यूनियनों से जुड़े कर्मी इस दिन पूर्ण रूप से हड़ताल पर रहेंगे। हड़ताल की वजह से दो सितंबर को तमाम आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहेंगे। नाहन में बैठक आयोजित करते हुए यूनियनों ने यह निर्णय लिया है।
आंगनबाड़ी वर्कर एंड हेल्पर्स यूनियन (संबंधित सीटू) की बैठक नाहन में आयोजित की गई। यूनियन की प्रधान नीलम शर्मा ने बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि आईसीडीएस के बजट में लगातार कटौती की जा रही है। इसके कारण आईसीडीएस में कार्यरत वर्कर और हेल्पर्स को उचित वेतनमान नहीं मिल रहा है। प्रदेश सरकार मात्र 450 रुपये वर्कर और 300 रुपये हेल्पर को दे रही है। महासचिव बीना शर्मा ने कहा कि आंगनबाड़ी वर्कर को आए दिन नए-नए कार्य सौंपे जा रहे हैं। इसकी एवज में वेतन की बात विभाग व सरकार द्वारा नहीं की जाती।
उन्होंने मांग की है कि आंगनबाड़ी वर्कर और हेल्पर को भी सरकारी कर्मचारी घोषित किया जाए। उन्हें वेतन के साथ पेेंशन आदि का भी प्रावधान किया जाए। उन्होंने कहा कि पंजाब, हरियाणा व उत्तराखंड में हिमाचल से दो गुना वेतन दिया जा रहा है। बैठक में सर्वसम्मति से फैसला लिया गया है कि दो सितंबर को आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहेंगे। सभी कर्मी इस दिन हड़ताल पर रहेंगे।
उधर, केंद्र व प्रदेश सरकार की मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ मिड-डे-मील वर्कर भी हड़ताल में शामिल हो रहे हैं। कार्यकारी सचिव अक्षम कुमार ने बताया कि मिड-डे-मील कर्मियों को महज 33 रुपये दिहाड़ी दी जा रही है जो उनके साथ खिलवाड़ है। लिहाजा दो सितंबर को वह पूर्ण हड़ताल पर रहेंगे।