अमर उजाला ब्यूरो
ददाहू (सिरमौर)।
नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने कहा है कि हिमाचल की जमीनें पूंजीपतियों को बेचने की तैयारी चल रही है। राज्य सरकार इसके लिए ही धारा-118 में संशोधन करना चाहती है लेकिन इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। नेता प्रतिपक्ष रेणुका में मां रेणुका और भगवान परशुराम के दर्शन करने के बाद पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा दो माह में ही स्पष्ट हो गई है। सरकार धारा-118 में संशोधन कर यहां की जमीनें पूंजीपतियों के हाथों बेचना चाह रही है। उन्होंने कहा कि सरकार धारा-118 का सरलीकरण कहने की बात कर लोगों को ठग रही है। वह क्या सरलीकरण कर रही है? इसकी स्थिति स्पष्ट नहीं है। वह सिर्फ पूंजीपतियों के दबाव में आकर इसमें संशोधन करना चाह रही है। अग्निहोत्री ने कहा कि सरकार की कथनी और करनी में फर्क है।
सरकार प्रदेश वासियों को शराबी बनाना चाहती है। यही कारण है कि उसने शराब की खपत में 400 करोड़ की अतिरिक्त वृद्धि कर दी है। बजट में मुख्यमंत्री ने लोगों को जो सुविधाएं देने की घोषणा की है। वह पूर्व सरकार की देन है।
सरकार ने अपने घोषणा पत्र में 2003 के बाद लगे कर्मचारियों को पुरानी पेंशन देने, रूसा प्रणाली समाप्त करने तथा बार्डर से बैरियर हटाने का वायदा किया था लेकिन बजट में इसका कोई जिक्र नहीं किया। सरकार ने दो माह में ही प्रदेश को 2 हजार करोड़ के अतिरिक्त ऋण में डूबा दिया है। मुख्यमंत्री का पहला बजट निराशाजनक रहा। इस बजट में पांच साल के विजन की झलक होनी चाहिए थी लेकिन बजट में कुछ नयापन नहीं दिखा। सरकार ने पर्यटन को बढ़ावा देने के नाम पर 50 करोड़ की राशि मंजूर की है।
इस मौके पर पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह, पूर्व सांसदी प्रतिभा सिंह, पूर्व विस अध्यक्ष गंगूराम मुसाफिर, रेणुका के विधायक विनय कुमार, जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय सोलंकी, पूर्व विधायक अजय बहादुर सिंह आदि उपस्थित रहे।