रामपुर बुशहर। भतीजी से दुष्कर्म के प्रयास के दोषी को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश किन्नौर एट रामपुर की अदालत ने दस साल के कारावास और दस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। बुधवार को अतिरिक्त जिला सत्र न्यायाधीश किन्नौर स्थित रामपुर (पोक्सो कोर्ट) ने अहम फैसला सुनाते हुए दोषी मूलराज को यह सजा सुनाई।
पुलिस ने इस संबंध में 29 मई 2021 को मामला दर्ज किया गया था। पुलिस में दर्ज शिकायत के मुताबिक इसी दिन शाम 5:30 बजे जब पीड़िता के रिश्ते में ताऊ ने उसके साथ दुष्कर्म का प्रयास किया। बेटी ने इस बारे में जब मां को बताया तो उन्होंने मामले की सूचना पति और पुलिस को दी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और तथ्यों की गहनता से जांच की। इसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पोक्सो एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया।
इस दौरान गवाहों के बयान भी दर्ज किए गए। मामले की छानबीन पूरी होने के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अदालत में चार्जशीट दर्ज की। मामले की सुनवाई के बाद अदालत ने गवाहों के बयान और तथ्यों के आधार पर आरोपी को पीड़िता के साथ दुष्कर्म की कोशिश करने का दोषी पाया। इस मामले में बुधवार को अदालत ने पोक्सो एक्ट और आईपीसी की विभिन्न धाराओं के दोषी को दस साल की सजा और दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। सरकार की ओर से इस मामले की पैरवी उपजिला न्यायवादी कमल चंदेल ने की।