रिकांगपिओ (किन्नौर)। जिला किन्नौर में घर-घर जाकर टीबी के मरीजों की पहचान की जाएगी। इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग विशेष अभियान चलाएगा। यह जानकारी जिला क्षय रोग अधिकारी किन्नौर डॉ. सुधीर सिंह ने रिकांगपिओ में आयोजित कार्यशाला में दी। क्षेत्रीय चिकित्सालय में प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत सब नेशनल सर्टिफिकेशन के तहत दो दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन किया जा रहा है।
डब्ल्यूएचओ कंसलटेंट हिमाचल प्रदेश डॉ. महेश पुरी और जिला क्षय रोग अधिकारी किन्नौर डॉ. सुधीर सिंह ने एसएनसी के बारे में लोगों को प्रशिक्षित किया। डॉ. सुधीर सिंह ने बताया कि जिला किन्नौर को टीबी मुक्त करने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। जिले में टीबी की प्रतिशत जानने के लिए चयनित कलस्टर में घर-घर जाकर सर्वे किया जाएगा।
इसमें डबलिंग, कानम, कल्पा, पुनंग और निगुलसरी शामिल हैं। इसके लिए पांच कम्यूनिटी वॉलंटियर्स की टीमों का गठन किया गया है। ये टीमें घर-घर जाकर टीबी के मरीजों की पहचान करेंगी। इस मौके पर बीएमओ पूह डॉ. विद्या सागर नेगी, पांचों टीमों के कम्यूनिटी वॉलंटियर्स, स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा अधिकारी, एसटीएस और लैब तकनीशियन सहित अन्य मौजूद रहे।