काफनू यंागपा संपर्क मार्ग चार माह से बंद । जागरूक पाठक
सांगला (किन्नौर)। जिला किन्नौर के कई स्थानों पर जनजीवन अभी भी पटरी पर नहीं लौट पाया है। इस वर्ष भारी बरसात के कारण सड़कों को भारी क्षति पहुंची है। कई स्थानों पर तो सड़कों का नामोनिशान तक मिट चुका है, जिसके चलते हजारों लोगों को आवाजाही करने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
जिला किन्नौर के काफनू-यांगपा-क्राबा सड़क पर भी बीते चार माह से वाहनों के पहिये थमे हुए हैं। मार्ग पर पूरी तरह से यातायात ठप है और हजारों लोगों को आवाजाही करने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। भारी बारिश के कारण गत मई से सड़क बंद हो गई है। कई स्थानों पर तो सड़क का नामोनिशान तक नहीं है और जगह-जगह क्षतिग्रस्त हुई है। 10 जुलाई को भावा खड्ड में बाढ़ आने से होमते के पास करीब 200 मीटर सड़क बह गई। ऐसे में यांगपा-1 और क्राबा पंचायत के हजारों लोगों की परेशानियां बरकरार हैं। सड़क बंद होने से मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों को खाद्य सामग्री पीठ पर उठाकर घर पहुंचानी पड़ रही है। इसके अलावा किसान-बागवानों को अपनी सेब की फसल को मंडियों तक पहुंचाने की चिंता सताने लगी है। यदि आगामी समय में सड़क बहाल नहीं हुई तो सेब फसल पर संकट खड़ा हो सकता है। ग्राम पंचायत क्राबा के तहत आने वाले गांव क्राबा, होए, सूरचो और पंचायत यांग्पा-1 सड़क से लाभान्वित होती हैं, यातायात ठप होने से हजारों लोग परेशान हैं। हालांकि होमते के पास लोक निर्माण विभाग ने अभी तक 120 मीटर सड़क तैयार कर दी है।
पंचायत प्रधान क्राबा तेंजिन नेगी, उपप्रधान कुशक पाल नेगी, उपप्रधान यांग्पा यशपाल नेगी, उपदेश नेगी, नरेश नेगी, राजेश नेगी, राजकुमार नेगी, शर्मिला नेगी, जयवंती नेगी, देवा चारस नेगी और मदन नेगी ने सरकार और लोक निर्माण विभाग से जल्द सड़क बहाल करने की मांग उठाई है।
उधर, लोक निर्माण विभाग भावानगर के सहायक अभियंता प्रमोद नेगी का कहना है कि मई से लेकर अभी तक भारी बरसात से सड़क को काफी नुकसान पहुंचा है। चार जेसीबी मशीनें और दर्जनों मजदूर सड़क बहाल करने में जुटे हुए हैं। जल्द ही बाधित मार्ग को यातायात के लिए बहाल कर दिया जाएगा।