छह पंचायतों से निकलने वाले प्लास्टिक कचरे का होगा प्रबंधन
विज्ञापन
16 लाख की लागत से स्थापित हुई मशीनें, जल्द होगा कार्य शुरू जल्द ही विकास खंड की सभी पंचायतों को मिलेगा यूनिट का लाभ सुभाष सेन रामपुर बुशहर। विकास खंड रामपुर की ज्यूरी पंचायत में प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट स्थापित की जा रही है। इस यूनियन में प्रथम चरण में छह पंचायतों को जोड़ा जाएगा। इसके बाद जल्द ही विकास खंड की सभी पंचायतों से निकलने वाले प्लास्टिक को यहां पहुंचाया जाएगा। रामपुर विकास खंड की पंचायतों में कचरा प्रबंधन की समस्या विकराल बनी हुई है।खासकर, नेशनल हाईवे-पांच के साथ सटी पंचायतों में अधिक कूड़े-कचरे की अधिक समस्या है। यहां कूड़े-कचरे को ठिकाने लगाने के लिए पुख्ता बंदोबस्त नहीं है, जिससे पर्यावरण को तो नुकसान पहुंच ही रहा है, वहीं बीमारियां फैलने का भी खतरा बना हुआ है। इस समस्या से निजात दिलाने के लिए स्वच्छ भारत मिशन के तहत प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट स्थापित की जा रही है। यह यूनिट ज्यूरी पंचायत के मंगलाड में स्थापित की जा रही है। योजना के तहत करीब 16 लाख रुपये की लागत से विभिन्न मशीनें स्थापित की गई हैं। इनमें श्रेडर, बेलर और डस्ट रिमूवर मशीनें शामिल हैं। इस यूनिट में पहले क्षेत्रभर से निकलने वाले प्लास्टिक कचरे को इकट्ठा किया जाएगा। इसके बाद प्लास्टिक कचरे के निपटान, प्रबंधन और पुनर्चक्रण के तहत प्लास्टिक को फिर से इस्तेमाल करने लायक बनाया जाएगा। यूनिट में लगने वाली श्रेडर मशीन प्लास्टिक के कचरे को छोटे-छोटे हिस्सों में काटेगी। बेलर से कचरे का घनत्व कम किया जाएगा, जबकि डस्ट रिमूवर से कचरे की धूल को हटाया जाएगा। इस यूनिट के लगने से प्लास्टिक प्रदूषण को रोकने और पर्यावरण की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी।
प्रथम चरण में इन पंचायतों को मिलेगा लाभ
प्रथम चरण में इस यूनिट से क्षेत्र की ज्यूरी, बधाल, बौंडा, सराहन, सनारसा और झाकड़ी पंचायत लाभान्वित होंगी। इन पंचायतों से निकलने वाले प्लास्टिक कचरे का यहां प्रबंधन किया जाएगा। निकट भविष्य में इस यूनिट में विकास खंड की सभी पंचायतों से कचरा एकत्रित कर पहुंचाया जाएगा। इससे जहां पर्यावरण संरक्षण को बल मिलेगा, वहीं पंचायतों की सुंदरता को भी चार चांद लगेंगे।
16 लाख की लागत से ज्यूरी में प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट स्थापित की जा रही है। पहले चरण में क्षेत्र की छह पंचायतों को लाभ मिलेगा, जबकि आने वाले समय में विकास खंड की 37 पंचायतों से प्लास्टिक कचरा एकत्र कर यहां पहुंचाया जाएगा। यूनिट लगने से जहां कचरे की समस्या हल होगी, वहीं पर्यावरण संरक्षण के लिए यह पहल लाभकारी सिद्ध होगी। -राजेंद्र सिंह नेगी, विकास खंड अधिकारी रामपुर