रोहडू। नगर परिषद रोहडू में सफाई व्यवस्था मात्र सात कर्मचारियों के सहारे चल रही है। सफाई कर्मचारियों की कमी के चलते नगर परिषद रोहडू को नगर के सभी वार्डों में सफाई व्यवस्था को सुदृढ़ करने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
नगर परिषद रोहडू में सात वार्ड हैं। इन वार्डों में दस हजार से अधिक लोगों की संख्या है। नगर में आठ सौ से अधिक दुकानें भी हैं। सफाई करने के लिए मौजूद समय में नगर परिषद रोहडू के पास सात नियमित सफाई कर्मचारी हैं। जबकि, नगर परिषद को सभी सात वार्डों में सफाई व्यवस्था सुदृढ़ करने के लिए कम से कम 16 सफाई कर्मचारियों की आवश्यकता है। आलम यह है कि सप्ताह में छुट्टी के दिन सफाई का कार्य ठप रहता है। सात कर्मचारियों के सहारे नगर को साफ सुथरा रखना नगर परिषद के लिए मुश्किल कार्य बन गया है। नगर परिषद ने सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति के लिए कई बार सरकार से आग्रह किया है लेकिन, सरकार की ओर से अभी तक कर्मचारियों की नियुक्ति की स्वीकृति नहीं मिली है। सफाई कर्मचारियों के पदों को भरने के लिए नगर परिषद को सरकार की स्वीकृति का इंतजार है। नगर परिषद रोहडू के अध्यक्ष राधेश्याम ने बताया कि रोहडू नगर में जनसंख्या काफी बढ़ गई है जिसका सारा दबाव नगर परिषद रोहडू की सफाई व्यवस्था पर पड़ता है। नगर परिषद में सफाई कर्मचारियों की कमी चल रही है। परिषद के पास मात्र सात नियमित सफाई कर्मचारी हैं, जिससे पूरे रोहडू को साफ-सुथरा रखना मुश्किल है। सफाई कर्मचारियों के नए पदों को स्वीकृत करने के लिए सरकार से मांग उठाई गई है। नगर परिषद ने डोर-टू-डोर कूड़ा एकत्र करने की योजना भी चलाई है, जिसे निजी हाथों में सौंपा गया है।