जरूरी सामान के लिए बागवान कर रहे बाजार में जेब ढ़ीलीं
केंद्रों में जल्द सामान उपलब्ध कराने की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहड़ू। कोटखाई क्षेत्र के गुम्मा स्थित एचपीएमसी केंद्र में इन दिनों बागवानों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। एचपीएमसी में न तो स्प्रे ऑयल उपलब्ध है और न ही खाद। इसके अलावा बागवानों को किसी भी प्रकार का अन्य आवश्यक कृषि सामान भी नहीं मिल पा रहा है। इस कारण बागवानों को निराश होकर लौटना पड़ रहा है।
बागवानों का कहना है कि इस साल मंडी मध्यस्थ योजना के तहत उन्होंने एचपीएमसी को भारी मात्रा में सी-ग्रेड सेब दिया, लेकिन अभी तक सरकार ने भुगतान नहीं किया। साथ ही एचपीएमसी के माध्यम से उन्हें कोई भी उत्पादन सामग्री उपलब्ध करवाई जा रही है। बागवान राजेश, रमेश चंद, लोकिंद्र चौहान, अंशुल रमदैइक,पारस चौहान, संजय बस्टा और सौरभ चौहान ने बताया कि इस समय बागवानी कार्यों के लिए स्प्रे ऑयल और खाद की अत्यंत आवश्यकता है, लेकिन एचपीएमसी में मशीन, खाद, स्प्रे ऑयल या दवाइयां उपलब्ध नहीं हैं। बाजार से महंगे दामों पर सामान खरीदने को विवश हैं। बागवान जोगिंद्र चौहान ने कहा कि इस बार बागवानों पर दोहरी मार पड़ी है। एक ओर इस सीजन में सेब के अच्छे दाम नहीं मिल पाए, जिससे आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। दूसरी ओर अब एचपीएमसी में आवश्यक कृषक सामग्री भी उपलब्ध नहीं हो पा रही है। बागवानों ने सरकार से आग्रह किया है कि जल्द एचपीएमसी के माध्यम से आवश्यक कृषि सामग्री उपलब्ध करवाई जाए, ताकि बागवान समय पर बागवानी कार्य कर सकें और उन्हें और अधिक नुकसान से बचाया जा सके।
कोट
इस समय कोई भी उपकरण, उर्वरक, तेल, दवाइयां एचपीएमसी में उपलब्ध नहीं हैं। इसकी आपूर्ति सरकार के आदेश पर होगी। जैसे ही सामान उपलब्ध होगा, वैसे ही बागवानों को वितरित कर दिया जाएगा। -वरिंद्र चौहान, शाखा प्रबंधक, एचपीएमसी गुम्मा सेंटर