बटारगलु में कार्रवाई में बाधा डालने पर वन विभाग ने की एफआईआर
अब तक करीब 50 हेक्टेयर भूमि पर से हटाया कब्जा, जुब्बल व सरस्वतीनगर रेंज में सबसे अधिक अतिक्रमण
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहड़ू। रोहड़ू उपमंडल में वन विभाग ने अब तक 50 हेक्टेयर भूमि पर से अतिक्रमण हटा दिया है। सबसे अधिक अतिक्रमण जुब्बल व सरस्वतीनगर रेंज में हटाया गया है, लेकिन अब वन भूमि पर से कब्जा हटाना विभाग के लिए टेडी खीर बनता जा रहा है। उच्च न्यायालय के आदेश के बाद वन विभाग की टीम अतिक्रमण हटाने का कार्य कर रही है, लेकिन विभाग के कार्य में कुछ लोग बाधा पैदा कर रहे हैं। ऐसे ही एक मामले में विभाग ने पुलिस में एफआईआर भी दर्ज की है। अतिक्रमण हटाने के लिए वन विभाग ने अब अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की मांग की है। वन विभाग की टीम जुब्बल के बटारगलु में कब्जा हटाने गई थी। वन विभाग की टीम के साथ पुलिस के कुछ जवान भी शामिल थे, लेकिन वहां लोगों के समूह ने विभाग को अपना कार्य करने से रोक दिया। इस कारण वन विभाग अतिक्रमण नहीं हटा सकी। सरकारी कार्य में बाधा डालने के लिए पुलिस में मामला दर्ज किया है। वहीं, अब वन विभाग अतिरिक्त पुलिस बल की मांग उठा रहा है, ताकि अतिक्रमण को हटाया जा सके। रोहड़ू वन मंडल क्षेत्र में 800 हेक्टेयर (10 हजार बीघा) भूमि पर अतिक्रमण है। अतिक्रमण के 2500 मामले दर्ज हैं। अतिक्रमण के करीब 50 ऐसे मामले हैं। जिन पर बेदखली के आदेश उच्च न्यायालय ने दे दिए हैं। इस पर वन विभाग की ओर से कार्रवाई की जा रही है।
उच्च न्यायालय के आदेशानुसार कार्रवाई की जा रही है। बेदखली से पहले भूमि की पहचान के लिए अधिकृत राजस्व अधिकारियों की ओर से निशानदेही की जाती है। वन और राजस्व अधिकारियों की संयुक्त टीम की ओर से निशानदेही की जा रही है। निशानदेही के बाद पहचान की गई भूमि को ही बेदखल किया जा रहा है। वन विभाग की टीम जुब्बल के बटारगलु में संपत्ति को बेदखल करने और अपने कब्जे में लेने के लिए गई थी, लेकिन वहां लोगों के एक समूह ने विभाग को अपना करने से रोका।
- रवि शंकर शर्मा, डीएफओ राेहड़ू