संवाद न्यूज एजेंसी
चौपाल(रोहड़ू)। उपमंडल चौपाल में पेयजल संकट से लोग परेशान हैं। नगर पंचायत चौपाल में चौथे दिन पेयजल आपूर्ति की जा रही है। उससे एक कनेक्शन में मात्र दो सौ लीटर पानी की ही आपूर्ति हो रही है। यहां चौथे दिन भी लोगों को पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है। लोग अपनी प्राइवेट गाड़ियों में प्राकृतिक स्रोतों से पानी ढोने को मजबूर हैं। सरकार और प्रशासन पेयजल संकट को लेकर कोई कदम नहीं उठा रहा है। बार एसोसिएशन चौपाल के अध्यक्ष देवेंद्र शर्मा ने कहा कि नगरवासी जल संकट झेल रहे हैं और प्रशासन कोई कदम नहीं उठा रहा है। पानी की कमी के कारण लोगों को खाना बनाने तक में परेशानी हो रही है। कई घराें के शौचालय बंद हो चुके हैं। लोगों ने सरकार और प्रशासन से पेयजल संकट के समाधान की मांग की है।
नगर पंचायत चौपाल की लगभग 20 हजार आबादी के लिए 1998 में बनी थलन स्कीम के अलावा दो उठाऊ पेयजल योजनाओं से पेयजल आपूर्ति की जा रही है। इससे विभाग पानी की जरूरत पूरा नहीं कर पा रहा है। चौपाल में प्रतिदिन करीब नौ लाख लीटर पानी की खपत है, लेकिन पेयजल योजना से प्रतिदिन मात्र दो लाख लीटर पानी ही उपलब्ध हो पा रहा है। चौपाल में चौथे दिन पेयजल आपूर्ति की जा रही है। पार्षद नगर पंचायत चौपाल दीपक चंदेल, नीलम मधाईक सहित सभी नगरवासियों ने प्रशासन से आग्रह किया है कि पेयजल संकट हल करने के लिए उचित कदम उठाएँ और टैंकरों से नगरवासियों को पेयजल आपूर्ति की जाए।इसके अलावा पंचायत ननाहर के गागना गांव सहित सात गांवों के ग्रामीणों को पेयजल आपूर्ति करने वाली उठाऊ पेयजल योजना बिजली आपूर्ति न होने के कारण ठप हो गई है। हालांकि, उन्हें जल शक्ति विभाग टैंकरों से पेयजल आपूर्ति कर रहा है, लेकिन उनकी जरूरत के मुताबिक पानी नहीं मिल रहा है।
जलस्तर कम होने से समस्या
जलशक्ति विभाग मंडल नेरवा के अधिशासी अभियंता विजय मच्छान ने कहा कि सोर्स में जलस्तर कम होने के कारण समस्या आई है। विभाग उठाऊ पेयजल योजनाओं के माध्यम से पेयजल आपूर्ति कर रहा है। एक उठाऊ पेयजल योजना का ट्रांसफार्मर जल गया है।
ट्रांसफार्मर जलने से आई दिक्कत
बिजली बोर्ड के अधिशासी अभियंता रविंद्र नाथ वत्सी ने कहा कि ट्रांसफार्मर जल जाने के कारण दिक्कत आई है। जल्दी ही नया बिजली ट्रांसफार्मर भेजा जाएगा और बिजली आपूर्ति बहाल की जाएगी।