आग की इस घटना से करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। आग लगने के बाद गांव में अफरातफरी मच गई। पंचायत प्रधान परस राम ने बताया कि अचानक एक मकान में चिंगारी भड़की और देखते ही देखते आग ने पूरे मकान को अपनी चपेट में ले लिया। तांदी के यज्ञ चंद ने घास में आग लगते हुए देखी थी। आग की लपटें उठतीं देख गांव के लोग भी घटनास्थल की ओर दौड़े। काष्ठकुणी शैली के मकान होने के चलते आग ने एक के बाद एक कई मकानों को अपनी चपेट में ले लिया। आग इतनी तेजी से फैल रही थी कि घरों से सामान निकालने का भी समय नहीं मिला। हालांकि, ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत कर मवेशियों को गोशालाओं से बाहर निकाल लिया। गांव में एक साथ कई घरों में उठ रहीं आग की लपटें देखकर हर किसी के रौंगटे खड़े हो गए।
आसपास गांव के लोग भी घटनास्थल की ओर दौड़े। आग की सूचना दमकल विभाग को भी दी गई। दमकल टीम भी मौके पर पहुंची, लेकिन 17 मकानों और छह गोशालाओं को जलने से नहीं बचाया जा सका। देर रात तक घरों से चिंगारियां उठतीं रहीं। बंजार थाना के डीएसपी शेर सिंह ठाकुर ने बताया कि मामला दर्ज कर असल कारणों की छानबीन की जा रही है। वहीं बंजार के एसडीएम पंकज शर्मा ने कहा कि प्रभावित लोगों को 15-15 हजार रुपये फौरी राहत और तिरपाल, कंबल दिया गया है।