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Mandi News: केंद्रीय विद्यालय में बच्चों 11वीं कक्षा में प्रवेश न मिलने पर अभिभावक चिंतित

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कहा, 55 बच्चों के भविष्य दांव पर, अन्य स्कूलों में भी बंद हो गए हैं दाखिले
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अभिभावकों ने मुख्य सचिव, शिक्षा सचिव को ऑनलाइन भेजी शिकायत
सवंद न्यूज एजेंसी

मंडी। केंद्रीय विद्यालय मंडी में 11वीं कक्षा में प्रवेश न मिलने पर अभिभावकों में अपने बच्चों के भविष्य की चिंता सताने लगी है । अभिभावक असमंजस में हैं कि अगर यहां पर दाखिला नहीं मिला तो वे कहां अपने बच्चों को पढ़ाई करवाएं। कोई भी रास्ता नहीं दिखाई देने पर अभिभावकों ने इस बारे में मुख्य सचिव और शिक्षा सचिव को ऑनलाइन मामला ध्यान में लाया है। इसके बाद मुख्य सचिव ने डीसी मंडी को इस मामले को देखने के आदेश जारी किए हैं।
अभिभावकों में बलराम शर्मा, विकास सिंह, आशीष कपूर, हेमंत चंद्र, राम लाल ठाकुर, दिनेश कुमार, नरेश कुमार आदि ने कहा कि स्कूल के करीब 55 ऐसे छात्र-छात्राएं हैं, जो दसवीं से पास होकर 11वीं कक्षा में पहुंचे हैं। अब इन्हें प्रवेश देने से आनाकानी की जा रही है। कहा कि अब तो सभी सरकारी स्कूलों में दाखिलों की प्रक्रिया भी पूरी हो चुकी है और दाखिला मिल भी जाए तो सिलेबस पूरा करना कठिन हो जाएगा। उन्होंने कहा कि उनके बच्चों के भविष्य के लिए केवी में दाखिले दिए जाएं। उधर, अभिभावकों ने यह भी आरोप लगाया है कि अगर प्रवेश नहीं देना था तो इस बारे में उन्हें स्कूल की ओर से पहले बताना चाहिए था, ताकि वे अपने बच्चों का कहीं और जगह दाखिला करवाते।
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इस बारे में केवी के प्रधानाचार्य अजीत कुमार यादव का कहना है कि जिन कमरों में 11वीं की कक्षा चलती है, उनके चार्जिज बढ़ाने पर कोर्ट में केस चल रहा है। इस स्थिति में उन्होंने अपनी संस्था के उच्च अधिकारियों से राय मांगी है कि अब क्या किया जाए। कहा कि अभी दाखिलों की प्रकिया केवी में रिजल्ट आने के एक माह तक चलती है। इस बारे में उच्च अधिकारी जो निर्देश देंगे केवी प्रबंधन उसके मुताबिक काम करेगा।
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केंद्रीय विद्यालय स्कूल प्रबंधन ने इस मामले में वैकल्पिक व्यवस्था के लिए केवी स्कूल चेयरमैन और उपायुक्त को पत्राचार किया है। डीसी के निर्देशों पर वे प्रधानाचार्य से इस पूरे मामले को लेकर चर्चा करेंगे और एक-दो दिनों के भीतर सभी तथ्य जुटाएंगे कि क्या हो सकता है।
-ओमकांत ठाकुर, एसडीएम सदर
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