गोहर (मंडी)। शिक्षा विभाग के अधिकारियों और अध्यापकों की कथित लापरवाही के कारण सराज शिक्षा खंड प्रथम के 142 बच्चे राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला जंजैहली में रविवार को मेधावी छात्रवृत्ति योजना का पेपर देने से वंचित रह गए। शिक्षा खंड सराज प्रथम के विभिन्न स्कूलों के पांचवीं कक्षा से उत्तीर्ण हुए बी प्लस ग्रेड वाले 149 छात्रों ने मेधावी छात्रवृत्ति के लिए फार्म भरे थे।
शिक्षा विभाग ने पहले तो 15 अक्तूबर को परीक्षा की तिथि घोषित की। लेकिन इसे स्थगित कर विभाग ने इसकी तिथि 23 अक्तूबर घोषित कर दी। रविवार को जंजैहली स्कूल में जब 149 बच्चों में से 7 बच्चे ही परीक्षा केंद्र पहुंचे तो स्कूल प्रबंधन और परीक्षा लेने आई टीम में हड़कंप मच गया। 142 बच्चों को शिक्षा के अधिकार से वंचित रखने के लिए कौन दोषी है, इसके लिए अभिभावकों में कड़ा आक्रोश है। परीक्षा देने के लिए आवेदन करने वाले छात्रों को सूचित न करने के लिए स्कूल प्रबंधन और खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी को दोषी माना जा रहा है।
जंजैहली स्कूल के प्रधानाचार्य धर्मपाल पाल सरोच ने स्कूल में परीक्षार्थियों के न पहुंचने पर तुरंत रिपोर्ट बीपीईओ और उपनिदेशक प्रारंभिक शिक्षा विभाग मंडी को दी। जिसके बाद उपनिदेशक मंडी ने बीपीईओ जंजैहली से परीक्षा में हुई चूक को लेकर रिपोर्ट मांगी है। छात्रों के हितों से खिलवाड़ करने वालों पर रिपोर्ट मंडी पहुंचने के बाद इसकी जांच बिठाई जा रही है। बच्चों को शिक्षा का अधिकार न मिलने के लिए कसूरवार अधिकारियों और अध्यापकों पर गाज गिरना तय माना जा रहा है। मंडी जिले में 20 ब्लाकों में रविवार को मेधावी छात्रवृत्ति योजना की परीक्षा करवाई गई। जहां 19 ब्लाकों में आवेदन किए सभी छात्र परीक्षा देने पहुंचे। सराज शिक्षा खंड प्रथम से जंजैहली स्कूल में 149 बच्चों में मात्र 7 बच्चे ही जंजैहली स्कूल में परीक्षा देने आए। जंजैहली स्कूल के प्रधानाचार्य धर्मपाल पाल सरोच ने बताया कि स्कूल में परीक्षा देने पहुंचे कम छात्रों की संख्या को देख जब उन्होंने अनेक स्कूलों में संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि अनेक स्कूलों ने परीक्षा का पता न चलने का कारण बताया।
उपनिदेशक प्रारंभिक शिक्षा विभाग मंडी केडी शर्मा ने जंजैहली स्कूल में सराज शिक्षा खंड प्रथम की मेधावी छात्रवृत्ति परीक्षा में केवल सात छात्रों के पहुंचने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी और जंजैहली स्कूल से मामले की रिपोर्ट मांगी गई है तथा रिपोर्ट मिलने के बाद जांच बिठाई जाएगी। सराज शिक्षा खंड प्रथम के सभी स्कूलों में परीक्षा प्रभारियों को समय पूर्व परीक्षा की तिथि के लिए अवगत करवाया गया था। लेकिन कहां चूक हुई है इसकी जांच की जाएगी।