मंडी। अक्षय तृतीया (30 अप्रैल) के लिए बाजार सज गए हैं। आभूषण की दुकानों को विशेष रूप से सजाया गया है। ग्राहकों को लुभाने के प्रबंध किए गए हैं। लोगों ने भी सोने-चांदी के आभूषण खरीदने के लिए तैयारी की है। ज्योतिषाचार्य पंडित दीपक शर्मा कहते हैं कि इस बार अक्षया तृतीय पर्व स्वयं सिद्ध मुहूर्त हैं। अक्षय तृतीया पर्व को धनतेरस की तरह माना जाता है।
विशेष कर सुहागिनों के लिए यह दिन बहुत शुभ है। यदि किसी का कोई काम न बनता हो, शादी विवाह में विघ्न हो तो स्वयं सिद्ध मुहूर्त के चलते लोग अपने कार्य करवा सकते हैं। इस दिन कुछ देर के लिए भद्रा का भी साया है लेकिन स्वयं सिद्ध मुहूर्त के चलते भद्रा का कोई असर नहीं पड़ेगा। उधर करसोग के स्वर्णकार तोता राम ने कहा कि इस बार सोना-चांदी के दाम में उछाल आने से लोग जरूरत के अनुसार ही आभूषणों की खरीद कर रहे हैं।
अक्षय तृतीया पर इस बार शुभ मुहूर्त माना जा रहा है। इसके लिए विशेष तैयारियां की हैं। ग्राहकों को खरीदारी के हिसाब से छूट देने का प्रावधान किया गया है। उधर मंडी के स्वर्णकार संजय सोनी ने कहा कि सोने-चांदी के दाम में उछाल आने से ग्राहकों को बेहतर ऑफर नहीं दे पा रहे हैं लेकिन छूट दी जाएगी। पहले सोने की खरीद पर लेबर चार्ज छोड़ दिया जाता था। जिन लोगों के घरों में शादी-विवाह के मुहूर्त हैं वहीं लोग गहनों की खरीदारी कर रहे हैं।