फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mandi News: जोगिंद्रनगर मेला समिति का खजाना खाली, बढ़ीं दिक्कतें

विज्ञापन
विज्ञापन
जोगिंद्रनगर (मंडी)। राज्य स्तरीय लघु शिवरात्रि मेले के सफल आयोजन के लिए इस बार समिति का खजाना खाली होने से आयोजन को लेकर दिक्कतें बढ़ गई हैं। अनुमानित 60 लाख रुपये मेले के आयोजन पर खर्च होने का अनुमान लगाया जा रहा है, लेकिन समिति के खाते में दो लाख रुपये भी मौजूद न होने से इस बार के आयोजन को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है।
विज्ञापन

बुधवार को नगर परिषद, व्यापार मंडल, रोटरी क्लब के अलावा विभिन्न संस्थाओं के साथ मेला समिति की दूसरी बैठक में एसडीएम और चेयरमैन मनीश चौधरी ने बताया कि पूर्व में हुए मेले के आयोजन में आय से अधिक खर्च होने से खजाना खाली हो गया है। ऐसे में स्थानीय व्यापार मंडल और विभिन्न विभागों के सहयोग से आय के संसाधनों में बढ़ोतरी होने के बाद ही मेले के आकर्षण में चार चांद लगेंगे।
बैठक में मौजूद नगर परिषद की अध्यक्षा प्रेरणा ज्योति, उपाध्यक्ष अजय धरवाल ने स्थानीय प्रशासन को मेले में आय के आयाम सृजित करने का भरोसा दिलाया। रोटरी क्लब के पूर्व अध्यक्ष अजय ठाकुर, राम लाल वालिया ने बताया कि देवभूमि हिमाचल की संस्कृति और सभ्यता के प्रतीक राज्य स्तरीय मेले के लिए धन की उपलब्धता के लिए सभी विभाग सरकारी और गैर सरकारी संस्थाएं मिलकर सहयोग करेगी। व्यापार मंडल के अध्यक्ष अजय धरवाल ने बताया कि वह शहरी क्षेत्र के करीब पांच सौ कारोबारियों से अपनी इच्छानुसार धन की उपलब्धता का आह्वान करेंगे। हालांकि डोम, झूला व दो सौ प्लाटों से मेला समिति को 40 से 50 लाख की आमदनी की उम्मीद है। नगर परिषद के कनिष्ठ अभियंता विपन कुमार और सेनेनटरी सुपरवाइजर मनोज शर्मा को स्वच्छता से संबंधित जिम्मेदारियां भी सौंपी गईं।
विज्ञापन

देवताओं के नजराने में 10 प्रतिशत होगी बढ़ोतरी : एसडीएम
राज्य स्तरीय देवता मेले में शिरकत करने वाले चौहार घाटी के मुख्य देवी-देवताओं के साथ मंडी जिले के आराध्य देवों के नजराने में 10 प्रतिशत बढ़ोतरी इस साल होगी। एसडीएम मनीश चौधरी ने बताया कि दूसरी बैठक में मौजूद गण्यमान्य लोगों से विचार-विमर्श करने के बाद यह निर्णय लिया गया है। बताया कि 120 देवी-देवताओं को राज्य स्तरीय मेले में आमंत्रित किया जाएगा। इनके बैठने के स्थान भी देव संस्कृति के आधार पर निर्धारित होंगे। देवलुओं के भोजन व ठहरने की व्यवस्था भी प्रशासन करेगा। तहसीलदार डॉ. मुकुल शर्मा ने बताया कि मेले की शोभायात्रा में देवताओं के गुरों की बैठक कर शहरी क्षेत्र में परिक्रमा से संबंधित चर्चा भी की जाएगी
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें