जोगिंद्रनगर (मंडी)। जोगिंद्रनगर की टिकरी मुशहैरा पंचायत की गुनेहड़ पहाड़ी असुरक्षित हो जाने से बेघर हुए 12 परिवारों के 34 सदस्यों ने नए सिरे से पुनर्वास के लिए प्रशासन और सरकार से पांच-पांच बिस्वा भूमि उपलब्ध करवाने की मांग की है।
आपदा से प्रभावित परिवार के सदस्य रामदेई, गंगा देवी, रक्षा देवी, नखरो देवी, अनु देवी, सकीना देवी, मिसी देवी, नरेंद्र कुमार, तेजू राम, विकी, सरणू राम ने बताया कि गुनेहड़ पहाड़ी दरकने से अब वहां पर रहना भी खतरे से खाली नहीं रहा है। प्रभावित परिवारों के सदस्यों रवि, विशाल, आर्यन निवासी निक्का ठाणा और सरेखा, जुगनी, नीलमा, पुष्पा, जमना, कविता, कहामा, पढ़ानी, रियाशी, तुषार, रिसव, साहिल, नरेंद्र, सूहल, हल्कू राम, राजकुमार को प्रशासन की देखरेख में सुरक्षित स्थानों में शिफ्ट किया गया है और अब इनके पुनर्वास को लेकर भी सरकार पांच बिस्वा भूमि उपलब्ध करवाकर राहत प्रदान करे।
एसडीएम कार्यालय पहुंचे प्रभावित परिवारों के सदस्यों के साथ पंचायत प्रधान रविंद्र ने प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री को सौंपे ज्ञापन में बताया कि मंडी जिला में आफत की तरह बरस रही बरसात में अब उपमंडल जोगिंद्रनगर के ग्रामीण क्षेत्र भी खतरे की जद में आ गए हैं।
टिकरी मुशहैरा पंचायत में पहाड़ी दरकने की आंशका को देखते हुए दोनों गांवों के लगभग 12 परिवारों के 34 सदस्यों को बीते 12 दिन पहले सुरक्षित स्थानों में शिफ्ट किया गया है। इनमें इनमें 13 महिलाएं, डेढ़ वर्ष से 15 वर्ष की आयु के 10 बच्चे और 11 पुरुष शामिल हैं। जिनके पुनर्वास को लेकर सरकार और प्रशासन से बात की जाएगी।
-डॉ. अनिल मुकुल शर्मा, तहसीलदार जोगिंद्रनगर