धर्मपुर (मंडी)। धर्मपुर विस क्षेत्र की पांच तहसीलों में बीते दिनों राजस्व विभाग ने तथाकथित सरकारी भूमि पर मकान, गोशाला, शौचालय इत्यादि का निर्माण करने वाले सैकड़ों लोगों को नोटिस जारी किए हैं। हाईकोर्ट के एक आदेश के बाद इनकी बेदखली शुरू कर दी है। इसका हिमाचल किसान सभा पिछले पांच छह महीने से विरोध कर रही है। अब 20 मार्च को विधानसभा सत्र के दौरान शिमला में प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया है।
अधिवक्ता अनिल कटवाल और रंगीला राम की अगुवाई में संघर्ष समिति बनाई गई है। इसके आह्वान पर 6 मार्च को प्रभावितों की आम सभा धर्मपुर में आयोजित की जा रही है। इसमें हिमाचल किसान सभा के जिला अध्यक्ष कुशाल भारद्वाज विशेष तौर पर भाग लेंगे। पूर्व जिला परिषद सदस्य भूपेंद्र सिंह ने अपील की है कि धर्मपुर, मंडप, संधोल और टिहरा उपतहसीलों से संबंध रखने वाले सभी प्रभावित अधिक से अधिक संख्या में धर्मपुर आएं।
अनिल कटवाल और रंगीला राम ने कहा कि प्रभावितों में कई लोगों के पास मकान बनाने के लिए और जमीन उपलब्ध नहीं है। ये मकान उनके बुजुर्गों ने कई साल पहले निर्मित किए थे। किसान सभा ने मांग की है कि प्रदेश सरकार बेदखली प्रक्रिया को रोके। भूपेंद्र सिंह ने कहा कि धर्मपुर, संधोल और टिहरा कस्बों में दर्जनों मकान इस जद में आ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया है कि धर्मपुर में बना बस स्टैंड और अन्य कई सरकारी कार्यालय एवं निजी भवन भी सरकारी जमीन पर बने हैं। इन्हें गिराने की तलवार लटक गई है। संवाद