पधर (मंडी)। हिमाचल पथ परिवहन निगम पालमपुर डिपो की शिमला पालमपुर वाया मंडी रूट पर सफर कर रही दो छात्राओं ने चालक परिचालक पर परेशान करने का आरोप लगाया है। छात्राओं ने इस बाबत आएम पालमपुर से शिकायत की है।
छात्राओं का आरोप है कि चालक और परिचालक ने सुंदरनगर के नौलखा के पास बस खड़ी कर दोनों छात्राओं को बीच सफर में एकांत जगह में उतार दिया। दोनों छात्राओं के परिजन भी इस घटना को लेकर गुस्से में हैं। छात्रा आशा और अर्चना का कहना है कि मंगलवार सुबह शिमला बस अड्डे पर उन्होंने पधर और गुम्मा के लिए दो टिकट ली। इन छात्राओं ने बताया कि ड्यूटी पर तैनात बुकिंग क्लर्क ने पहले से शिमला सुंदरनगर तक कटी डीलक्स बस की टिकट और शिमला से पधर की नई टिकट उन्हें दी। डीलक्स बस के पहले से कटे टिकट का कुल किराया साधारण बस किराये के लिए गुम्मा तक वैध था।
इस बाबत क्लर्क ने टिकट के पीछे रिमार्क भी लिखा था। इस दौरान पालमपुर बस के परिचालक भी वहीं मौजूद थे। बुकिंग क्लर्क ने बस के परिचालक से इस संदर्भ में बात भी की। छात्राओं ने कहा कि उनसे 380 रुपये किराया लिया गया। सुंदरनगर पहुंचने पर बस के परिचालक ने 78 रुपये और मांगे। जब उन्होंने परिचालक से कहा कि उन्होंने शिमला में टिकट के पूरे पैसे दे दिए हैं तो अतिरिक्त किराया उनसे क्यों वसूला जा रहा है। दोनों छात्राओं ने टिकट क्लर्क से मोबाइल पर बात करवाने का भी परिचालक से आग्रह किया, मगर परिचालक ने उनकी बात नहीं सुनी। सुंदरनगर के नौखला में एकांत स्थान पर बस से दोनों छात्राओं को नीचे उतार दिया। छात्राओं ने उनके साथ किए गए गलत व्यवहार को लेकर चालक परिचालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की शिकायत आरएम पालमपुर से की है। उधर, आरएम पालमपुर राजकुमार से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मामले को लेकर परिचालक से पूछताछ की गई तो उन्होंने बताया कि एक छात्रा के पास टिकट पधर की थी तो दूसरी के पास सुंदरनगर की। किराया न देने पर उन्होंने गुम्मा जा रही छात्रा को बस से उतरने को कहा था न कि पधर जा रही छात्रा को। उनके पास शिकायत आई है। मामले की गहनता से जांच की जाएगी।