थुनाग (मंडी)। लोगों की लंबी प्रतीक्षा और प्रशासन के अथक प्रयासों का फल अब मिलने लगा है। आपदा के पांच माह बाद हिमाचल पथ परिवहन निगम ने थुनाग से भाटकीधार तक बस सेवा एक बार फिर शुरू कर दी है। इस सेवा के बहाल होने से सराज क्षेत्र के सैकड़ों ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है।
खास तौर पर बागाचनोगी उपतहसील की कलहणी, भाटकीधार, खबलेच, बागाचनोगी, शिवाकुठेहड़, शिल्हीबागी और केयोली पंचायतों के हजारों लोग लाभान्वित होंगे। इन दूरदराज गांवों के निवासी अब सीधे बस से थुनाग और आगे मंडी तक पहुंच सकेंगे, जिससे समय और पैसे की बचत होगी।
आपदा ने मार्गों को बुरी तरह से क्षतिग्रस्त किया है। रोजमर्रा की जरूरतों के लिए ग्रामीणों को घंटों पैदल चलना पड़ता था। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हुई, मरीजों को इलाज के लिए दूर तक कंधों पर उठाकर ले जाना पड़ा।
भाटकीधार पंचायत के पूर्व उपप्रधान दिनेश और कलहणी के उपप्रधान रूप सिंह ने बताया कि पांच महीने से पैदल ही आना-जाना हो रहा था। अब बस सुविधा मिलने से बच्चे स्कूल समय पर पहुंचेंगे। मरीजों को तुरंत अस्पताल ले जाया जा सकेगा। शिवाकुठेहड़ के मंगत राम, किशन और रोहित आदि युवाओं ने कहा कि पढ़ाई के लिए लंबाथाच कॉलेज जाना आसान हो जाएगा।
निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक पीयूष शर्मा ने बताया कि सड़क की आंशिक मरम्मत के बाद ही बस सेवा शुरू की गई है। शुरुआत में सीमित फेरे लगाए जा रहे हैं, लेकिन जल्द ही नियमित समय-सारिणी लागू कर दी जाएगी। जैसे-जैसे सड़कें पूरी तरह तैयार होंगी, वैसे-वैसे और रूटों पर बसें चलाई जाएंगी। बागाचनोगी उपतहसील के ग्रामीणों की मांग पर सुबह-शाम के अतिरिक्त फेरे भी जल्द शुरू करने पर विचार चल रहा है। संवाद