सरकाघाट (मंडी)। हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के अधिवक्ता वंशज आजाद का चयन सुप्रीम कोर्ट में बतौर ज्यूडिशियल रिसर्च एसोसिएट के पद पर हुआ है। वंशज ने अपनी 12वीं तक की पढ़ाई धर्मशाला से पूरी करने के बाद नेशनल लाॅ यूनिवर्सिटी शिमला से वकालत का पांच वर्षीय कोर्स किया है। इसके बाद एक साल तक हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट में वकालत की।
इस दौरान वंशज आजाद ने सीपीएस सहित बार काउंसिल ऑफ हिमाचल प्रदेश के खिलाफ अति महत्वपूर्ण मुकदमों में पैरवी की। वंशज आजाद ने मार्च में सुप्रीम कोर्ट का टेस्ट पास करके जून में फाइनल साक्षात्कार पास किया है। अब वह आठ जुलाई को ज्यूडिशियल रिसर्च एसोसिएट का पदभार संभालेंगे। वंशज ने अपनी सफलता का श्रेय अपने स्वर्गीय दादा-दादी के अलावा अपने माता-पिता और बहन डाॅ. पारिका को दिया।
वंशज आजाद का चयन 15,000 से अधिक अभ्यर्थियों में से हुआ है और सुप्रीम कोर्ट के इतिहास में हिमाचल प्रदेश से चयनित होने वाले वह आज तक के पहले वकील हैं। वंशज आजाद के पिता डॉ. जेके आजाद राजनेता हैं, जबकि माता स्कूल प्रिंसिपल हैं।