रामसुभग सिंह ने दिए थे निर्देश
वर्ष 2022 में तत्कालीन मुख्य सचिव रामसुभग सिंह ने ही इस तथ्य को दुरुस्त करने के निर्देश दिए थे। राज्य भाषा एवं संस्कृति विभाग ने उस समय भी नगर निगम को इस संबंध में उचित कदम उठाने को कहा था। हाल ही में साहित्यकार श्रीनिवास जोशी और इतिहासकार विनोद भारद्वाज ने फिर एक बार सरकार से यह मामला उठाया है। वर्तमान मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना ने भी इस पर उपयुक्त कदम उठाने को कहा। उसके बाद निगम को तथ्य बताए गए। अब पुरानी पट्टिकाएं हटाकर नई लगाई गई हैं- डॉ. पंकज ललित, निदेशक, राज्य भाषा एवं संस्कृति विभाग