बाढ़ और आपदा प्रबंधन कार्यशाला में भाग लेती महिलाएं। -स्रोतः पंचायत
कुल्लू। जीबी पंत राष्ट्रीय हिमालयी पर्यावरण संस्थान ने सोमवार को मौहल स्थित अपने परिसर में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में मनाली की पलचान पंचायत की करीब 50 महिलाओं ने बाढ़, आपदा प्रबंधन की बारीकियां जानकर और संवेदनशीलता मूल्यांकन पर चर्चा की।
कार्यशाला में संस्थान के प्रभारी राकेश कुमार सिंह ने महिलाओं को संस्थान की विभिन्न गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की समन्वयक वर्षा ने महिलाओं को बाढ़ खतरे की पहचान और प्रबंधन के उपायों के बारे में बताया। वन विभाग के बीओ बालक राम ने उपस्थित महिलाओं को बताया कि बाढ़ और आपदा प्रबंधन के लिए वन विभाग भी सक्रिय रूप से काम कर रहा है।
उन्होंने वनों की रक्षा और वनीकरण की महत्वता पर जोर देते हुए कहा कि जंगलों की सुरक्षा से ही हम प्राकृतिक आपदाओं से बच सकते हैं। कार्यशाला में शोधार्थी डिंपल, सुमति और पंकज ने भी ग्रामीण महिलाओं को बाढ़ और आपदा प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं पर जानकारी दी। इस कार्यक्रम ने महिलाओं को आपदाओं के प्रति संवेदनशील बनाने और उन्हें तैयारी के लिए प्रेरित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।