कुल्लू में ग्रामीण महिलाएं घर से पीठ पर किलटा लेकर ढालपुर में सब्जी लाकर बेचते हुए। इस कमाई से
जिले के ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं को सरवरी में अभी तक नहीं मिल पाया ठिकाना
किल्टे में सब्जियां बेचने आती हैं महिलाएं, धूल-मिट्टी के बीच बेच रही हैं सब्जियां
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। जिला मुख्यालय में सरवरी बस अड्डा के पास ग्रामीण महिलाएं के सड़क किनारे खुले आसमान के नीचे सब्जी बेचने को मजबूर हैं। ये महिलाएं वर्षों से किल्टे में सब्जी बेचकर परिवार का गुजारा कर रही हैं।
वे सुरक्षित जगह मांग कर रही हैं लेकिन अभी तक सुरक्षित स्थान उपलब्ध नहीं हो पाया है। महिलाओं की मानें तो करीब डेढ़ दशक से जिला प्रशासन और नगर परिषद से अपने उत्पाद बेचने के लिए जगह मांग रही हैं लेकिन आश्वासन के सिवाय कुछ नहीं मिल पाया है। हालांकि एक तरफ सरकार और प्रशासन स्थानीय उत्पाद को बढ़ावा देने की बात करते हैं लेकिन जो महिलाएं हर रोज अपने खेत से सब्जियां लेकर बाजार आ रही हैं उनके लिए एक जगह तक उपलब्ध नहीं हो पा रही है। ऐसे में महिलाओं को सड़क के किनारे धूल मिट्टी के बीच सब्जी बेचनी पड़ रही है। शहर के लोगों में राकेश कुमार, डोले राम और सोनू ने कहा कि इन महिलाओं के लिए भी सुरक्षित स्थान मिलना चाहिए। ग्रामीण महिलाओं ने बताया कि वे हर रोज अपने खेतों से सब्जी निकालकर बाजार पहुंचाती हैं और किल्टे में सड़क के किनारे सब्जी बेचकर घर परिवार का गुजारा करती हैं। जिस तरह वे सड़क के किनारे सब्जियां बेचती हैं, उससे कभी भी हादसा होने का डर रहता है। इतना ही नहीं, धूल-मिट्टी उड़ने के कारण ताजा सब्जी भी खराब हो जाती है।
उधर, नगर परिषद कुल्लू के कार्यकारी अधिकारी बीआर नेगी ने कहा कि महिलाओं के लिए जगह देखी जा रही है। सुरक्षित जगह चयनित होते ही उनके बैठने और सब्जी उत्पाद बेचने के लिए जगह उपलब्ध करवा दी जाएगी।