सैंज (कुल्लू)। पार्वती जलविद्युत परियोजना चरण-दो की एडिट-5 के एयर प्रेशर वाल्व में आई तकनीकी खराबी से बिजली उत्पादन प्रभावित हो रहा है। खराबी के कारण 200-200 मेगावाट क्षमता वाली दो टरबाइन पिछले नौ दिन से बंद हैं। इससे 800 मेगावाट क्षमता वाली परियोजना में 400 मेगावाट बिजली उत्पादन प्रभावित हुआ है।
परियोजना में कुल चार टरबाइन हैं और प्रत्येक की क्षमता 200 मेगावाट है। दो टरबाइन बंद होने के साथ ही शेष दो टरबाइन भी पानी की कम उपलब्धता के कारण पूरी क्षमता से उत्पादन नहीं कर पा रही हैं। एनएचपीसी की तकनीकी टीम वाल्व की खराबी दूर करने की तैयारी में है, लेकिन एडिट-5 तक पहुंचने वाली सड़क नौ दिन से मलबे के कारण बंद है। ऐसे में मरम्मत के लिए जरूरी मशीनरी और सामग्री सुरंग तक नहीं पहुंच पा रही है।
सड़क बंद होने से तकनीकी खराबी दूर करने का काम भी अटक गया है। सड़क बहाल होने के बाद ही आवश्यक मशीनरी और सामग्री एडिट-5 तक पहुंचाई जा सकेगी। ऐसे में सड़क की बाधा का असर केवल आवाजाही पर नहीं, बल्कि परियोजना की तकनीकी मरम्मत और बिजली उत्पादन पर भी पड़ रहा है।
रैला पंचायत प्रधान टेक सिंह ठाकुर, रैला-दो पंचायत के प्रधान डावे राम और प्रभावित परिवारों ने उनकी मांगों का स्थायी समाधान करने की मांग की है। वहीं, एनएचपीसी के मुख्य महाप्रबंधक रणजीत सिंह ने कहा कि रैला पंचायत के प्रतिनिधि और पालचरा के प्रभावित लोग एडिट-5 तक जाने वाली सड़क को बहाल नहीं होने दे रहे हैं। पूरे मामले की जानकारी प्रशासन को दे दी गई है।