कुल्लू के लगघाटी में बादल फटने की घटना के बाद मार्ग पर भरा मलबा ग्रामीण पैदल जाने को मजबूर।-सं
कुल्लू। जिला मुख्यालय कुल्लू के साथ लगती लगघाटी में 19 अगस्त को बादल फटने की घटना से हुई तबाही के कारण मुख्य सड़क कुल्लू-कालंग समेत सभी संपर्क मार्ग अवरुद्ध चल रहे हैं। घाटी के लिए हिमाचल पथ परिवहन निगम और निजी बसों की सेवाएं बंद हैं। ऐसे में 13 ग्राम पंचायतों के हजारों ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। गौर रहे कि बादल फटने से ग्राम पंचायत चौपाड़सा के कड़ौन गांव से लेकर कुल्लू शहर के सरवरी तक जगह-जगह सड़क और खड्ड के किनारे भूस्खलन होने से समस्या बढ़ी है। इससे ग्रामीणों को कई किलोमीटर का पैदल सफर करना पड़ रहा है।
लगघाटी को जोड़ने वाली कुल्लू-कालंग सड़क पर रूजग और तेलंग में दो पुल बहने से समस्या उत्पन्न हुई है। इसके अलावा सड़क पर जगह-जगह भूस्खलन हुआ है जिस वजह से बस संचालन करना संभव नहीं है। इसके अलावा कुल्लू से भूमतीर, कुल्लू से भल्यानी के अलावा निगम के कुल 13 बस रूट हैं जो सभी प्रभावित चल रहे हैं। ग्राम पंचायत फलाण की प्रधान रेशमा देवी ने कहा कि पुल बहने और जगह-जगह सड़कें और संपर्क मार्ग धंसने से घाटी के ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सड़कों के बंद होने से आवश्यक सामग्री के लिए भी ग्रामीणों को कई किलोमीटर तक पैदल सफर करना पड़ रहा है।
टैक्सियों का सफर पड़ रहा महंगा
कुल्लू-कालंग सड़क पर बने पुल बहने से बस सेवा पूरी तरह से ठप है। ग्रामीणों को या पैदल या फिर मजबूरन टैक्सियों में सफर करना पड़ रहा है। टैक्सियां भी कुल्लू से नागूझोड़ या रूजग तक ही मिल रही हैं लेकिन ग्रामीणों को भारी भरकम किराया देना पड़ रहा है।