ग्रामीणों के हंगामे के बाद लोक निर्माण विभाग ने किया निरीक्षण
ठेकेदार को दिए गुणवत्तापूर्ण टारिंग करने के निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। दो दिन पहले राणाबाग-बालू-बलेहड़ सड़क की टारिंग पर ग्रामीणों के हंगामे के बाद लोक निर्माण विभाग ने मौके का निरीक्षण किया है। मौके पर पहुंचे लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता मनीष कुमार ने ठेकेदार और कर्मचारियों को गुणवत्तापूर्ण टारिंग करने के निर्देश दिए। वहीं, अब जिस 100 मीटर सड़क पर मिट्टी के ऊपर ही तारकोल बिछाई गई थी, उसे उखाडकर नए सिरे से टारिंग की जाएगी।
ठेकेदार ने इस सड़क को उखाड़ दिया और अब सड़क की साफ-सफाई कर तारकोल को बिछाया जाएगा। 20 मई को राणाबाग-बालू-बलेहड़ सड़क की खराब टारिंग को लेकर करशईगाड़ और फनौटी पंचायत के लोग भड़क गए थे और टारिंग की गुणवत्ता पर सवाल उठाए थे। गांव देहुरी के आसपास सड़क पर की जा रही टारिंग पीछे से उखड़ना शुरू हो गई थी। 21 मई के अंक में अमर उजाला ने राणाबाग-बालू सड़क पर मिट्टी में तारकोल बिछा आंखों में झोंकी धूल नामक शीर्षक से खबर को प्रमुखता से उठाया था। इसके बाद विभाग में हड़कंप मच गया और 22 मई को टीम मौके पर पहुंची और टारिंग का निरीक्षण किया गया। इसमें लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता मनीष कुमार और स्थानीय ग्रामीण मौजूद रहे। इस दौरान सहायक अभियंता ने ठेकेदार और उनके कर्मचारियों को गुणात्मक टारिंग करने के लिए कहा। उन्होंने खराब सड़क पर की टारिंग को उखाड़कर फिर से तारकोल बिछाने के निर्देश दिए। उन्होंने माना कि करीब 100 मीटर सड़क के दोनों कोने छोड़कर बीच में बिना मिट्टी हटाए ही टारिंग कर दी थी। उन्होंने कहा कि सड़क की टारिंग की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। घाटी के लोगों ने लोक निर्माण विभाग का आभार जताया है।