कुल्लू। क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में सोमवार को जिला स्तरीय डायरिया नियंत्रण अभियान की शुरुआत हुई। इसकी अध्यक्षता उपायुक्त कुल्लू तोरुल एस रवीश ने की। क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू से बच्चों को ओआरएस किट का वितरण किया गया।
उपायुक्त तोरुल एस रवीश ने कहा कि अभियान का दूसरा चरण 1 जुलाई से 31 अगस्त तक चलाया जाएगा। इसमें जिले के 3086 गांवों में शून्य से पांच वर्ष आयु वर्ग के 29,470 बच्चों के 25,660 घरों में ओआरएस के पैकेट तथा जिंक की गोलियों का वितरण किया जाएगा। अभियान के तहत दस्त से निर्जलीकरण के कारण होने वाली मौतों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए विभिन्न गतिविधियां करवाई जाएंगी। इनमें डायरिया रोकथाम प्रबंधन के लिए जागरूकता पैदा करना, ओआरएस-जिंक कोनों की स्थापना, पांच साल से कम उम्र के बच्चों वाले घरों में आशा वर्कर की ओर से ओआरएस की व्यवस्था करना और स्वच्छता आदि शामिल हैं। डायरिया रोकथाम अभियान का लक्ष्य दस्त के कारण होने वाली बाल मृत्यु को शून्य करना है।
उन्होंने कहा कि स्कूलों में हाथ धोने का प्रदर्शन, पानी की टंकियों की सफाई पर संबंधित विभाग अपनी भूमिका को सुनिश्चित बनाएं। स्वास्थ्य विभाग के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नागराज पवार ने कहा कि डायरिया को लेकर चलाए गए अभियान को सफल बनाने के लिए विभाग के कर्मियों को निर्देश दिए गए हैं। इस दौरान क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. नरेश आदि मौजूद रहे।
000