कार सेवा दल संस्था स्थापित करेगी हेल्प डेस्क, स्वयंसेवी पूरी करेंगे कागजी औपचारिकताएं
कुल्लू, लाहौल-स्पीति के साथ चंबा जिले के पांगी क्षेत्र से रेफर मरीजों की करेंगे हरसंभव मदद
मरीजों के उपचार के साथ ओपीडी, वार्ड और प्रयोगशाला तक लेकर जाएंगे संस्था के स्वयंसेवी
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। कुल्लू, लाहौल-स्पीति और चंबा जिले के पांगी से रेफर होकर मंडी जिले के मेडिकल कॉलेज नेरचौक आने वाले मरीजों और तीमारदारों को अब परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा।
मेडिकल कॉलेज पहुंचते ही इन्हें दाखिल करने से लेकर अन्य सभी प्रकार की सुविधाएं तुरंत उपलब्ध होंगी। इसके लिए कार सेवा दल संस्था हेल्प डेस्क स्थापित करेगी। इन जिलों से रेफर मरीजों के तीमारदारों को हेल्प डेस्क के माध्यम से मेडिकल कॉलेज की जानकारी दी जाएगी। स्वयंसेवी ही सभी कागजी औपचारिकताएं पूरा करेंगे। ऐसे में आयुर्विज्ञान लाल बहादुर शास्त्री मेडिकल कॉलेज नेरचौक आने वाले तीमारदार और मरीज अब परेशान नहीं होंगे।
हेल्प डेस्क में जिला कुल्लू, लाहौल-स्पीति और चंबा जिला के सीमावर्ती क्षेत्र पांगी के मरीजों के उपचार में सुविधा मिलेगी। इन जिलों से रेफर मरीजों के तीमारदारों को हेल्प डेस्क से मेडिकल कॉलेज की जानकारी दी जाएगी।
जिला कुल्लू और लाहौल-स्पीति के अस्पतालों से रेफर मरीजों के उपचार के लिए तीमारदारों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। मेडिकल कॉलेज नेरचौक में मरीजों के उपचार के साथ ओपीडी, वार्ड और प्रयोगशालाओं को तलाशने में समस्याएं पेश आती हैं। इसके उद्देश्य से कार सेवा दल संस्था क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू के बाद मेडिकल कॉलेज नेरचौक में भी हेल्प डेस्क स्थापित करेगी।
उधर, कार सेवा दल संस्था के अध्यक्ष मनदीप सिंह ने कहा कि मेडिकल कॉलेज नेरचौक में जल्द हेल्प डेस्क की सेवाएं प्रदान की जाएंगी। संस्था कॉलेज में हेल्प डेस्क स्थापित करेगी। कहा कि मरीजों के तीमारदारों की हेल्प डेस्क पर उपस्थित स्वयंसेवी हरसंभव मदद करेंगे, जिससे उन्हें मरीज के उपचार के दौरान किसी तरह की दिक्कत का सामना न करना पड़े।