नए रोस्टर में सात में से छह वार्ड आरक्षित
अध्यक्ष पद के तलबगारों के लिए बचा सिर्फ एक वार्ड
संवाद न्यूज एजेंसी
मनाली। प्रदेश में इसी साल निकाय चुनाव का बिगुल बजने वाला है। ऐसे में आरक्षण रोस्टर पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं। उपायुक्त की अध्यक्षता में बुधवार को हुई बैठक के बाद आरक्षण रोस्टर पर सियासी बहस शुरू हो गई है। हालांकि अभी तक अधिकारिक तौर पर आरक्षण रोस्टर जारी नहीं हुआ है लेकिन आरक्षण की जो लिस्ट सोशल मीडिया में जारी हो रही है, उससे अध्यक्ष पद के चाहवानों की उम्मीदों पर पानी फिरता दिख रहा है। नगर परिषद मनाली में एक ही वार्ड अनारक्षित है। जहां से कोई भी उम्मीदवार चुनावी ताल ठोक सकता है।
इसी साल होने वाले पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव में कई दिग्गज नेताओं के समीकरण बिगड़ सकते हैं। सूत्र बताते हैं कि नगर परिषद मनाली के सात में से छह वार्ड रिजर्व हो गए है। सिर्फ एक ही वार्ड ऐसा है जहां किसी भी वर्ग का उम्मीदवार चुनाव लड़ सकता है। जो सूची वायरल हो रही है उसमें नगर परिषद मनाली में इस बार वार्ड नंबर एक अनारक्षित रहेगा। अन्य सभी वार्ड रिजर्व रहेंगे।
वार्ड नंबर दो अनुसूचित जाति वर्ग के लिए आरक्षित होगा। वार्ड नंबर तीन, चार, पांच और छह महिला के लिए आरक्षित हुआ है जबकि वार्ड नंबर सात अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए आरक्षित हुआ है। हालांकि, अभी तक आधिकारिक रूप से रोस्टर की सूची जारी नहीं हुई है। न ही किसी अधिकारी ने पुष्टि की है लेकिन सियासी गलियारों में रोस्टर को लेकर खुलकर चर्चा हो रही है। बहरहाल, आरक्षण रोस्टर जारी होने का सभी को बेसब्री से इंतजार है।