चंद्रमुखी होटल नीलामी की कगार पर, निजी कंपनियों की शर्तों ने आलू बिक्री में बढ़ाईं मुश्किलें
भाजपा नेता रवि ठाकुर बोले- होटल की नीलामी को लेकर हस्तक्षेप करे प्रदेश सरकार
दिनेश जस्पा
उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। लाहौल-स्पीति घाटी में एशिया की सबसे बड़ी आलू उत्पादक सोसायटी एलपीएस का गौरव और किसानों की मेहनत संकट में हैं।
किसानों के पसीने से बना चंद्रमुखी होटल नीलामी के दायरे में है जबकि आलू बिक्री और निजी कंपनियों की शर्तों ने उनके संघर्ष को और कठिन बना दिया है। किसानों की मेहनत का परिणाम अब न केवल आर्थिक दबाव में बल्कि उनकी प्रतिष्ठा पर भी मंडरा रहा है।
घाटी के किसानों की मेहनत से मनाली में बने चंद्रमुखी होटल को कांगड़ा को-आपरेटिव बैंक ने करीब 10 करोड़ की देनदारी के चलते नीलाम करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। दूसरी तरफ घाटी में किसान आलू की बिक्री को लेकर बुरी तरह से पिस रहे हैं। किसानों का कुफरी ज्योति बीज आलू 600 से लेकर 800 रुपये प्रति कट्टा बिक रहा है। किसानों का कहना है कि इसे भी बेचने में उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। अभी भी लाहौल घाटी के कई हिस्सों में आलू का सीजन चल रहा है लेकिन आलू की बिक्री को लेकर किसान परेशान हैं।
लाहौल घाटी में आलू उत्पादक इस बार शोषण का शिकार हुए हैं। कुछ निजी कंपनियों ने घाटी के किसानों को संताना प्रजाति के आलू बीजाई को दिए तो अब बिक्री के दौरान आलू के आकार को लेकर लगाई शर्त ने किसानों को परेशान किया। इससे बदतर हाल कुफरी ज्योति बीज आलू का भी हो रहा है। किसानों को कुफरी ज्योति बीज आलू मात्र 600 से लेकर 800 रुपये तक प्रति कट्टा बेचने को मजबूर होना पड़ रहा है। घाटी के प्रगतिशील किसान रमेश लाल, दुनी चंद, वीर सिंह और प्रेम चंद ने कहा कि यहां के किसानों की मेहनत ने दी लाहौल आलू उत्पादक संघ को एशिया में नंबर पर पहुंचाया था। आज सोसायटी का वजूद पूरी तरह से खतरे में है। संघ का चंद्रमुखी होटल नीलामी पर आ गया और कई संपत्ति बिक चुकी है।
पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता रवि ठाकुर ने प्रदेश सरकार से चंद्रमुखी होटल के नीलामी पर सरकार से हस्तक्षेप करने की मांग की है। ठाकुर ने कहा कि यह होटल लाहौल के किसानों की मेहनत और संघर्ष की निशानी है। उन्होंने सरकार से यह भी मांग की है आलू बिक्री पर किसानों से हो रही शोषण को भी रोका जाए।
एशिया की सबसे बड़ी को-ओपरेटिव सोसायटी एलपीएस जिसने वर्ष 1985 में नीदरलैंड्स को पछाड़ कर आलू उत्पादन में विश्व रिकॉर्ड बनाया था, आज सबकुछ नीलाम होने की कगार पर आ चुकी है। संवाद