जिला मुख्यालय के सरकारी-निजी स्कूलों के आसपास घूमते कुत्तों से दहशत में अभिभावक
बोले- पहले भी कई लोगों पर कर चुके हैं हमला, हर पल सताती रहती है बच्चों की चिंता
मांग- लावारिस कुत्तों को जल्द हटाए प्रशासन, नगर परिषद और पशुपालन विभाग
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। कंधों पर बस्ता, दिल में डर के बीच खौफ के साये में बच्चे स्कूल तक पहुंच रहे हैं। जिला मुख्यालय के सरकारी और निजी स्कूलों के आसपास घूमते लावारिस कुत्तों के आतंक ने अभिभावकों की भी चिंता बढ़ा दी है।
प्रशासन और नगर परिषद इस ओर कोई गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं। आलम यह है कि अभिभावकों को अपने बच्चों को स्कूल तक छोड़ने के लिए जाना पड़ रहा है। कई बार बच्चों पर लावारिस कुत्तों की ओर से हमला करने की घटनाएं भी सामने आ चुकी हैं। अभिभावकों का कहना है कि शहर में स्कूलों के आसपास भटकते कुत्तों को जल्द हटाया जाए ताकि बच्चों को स्कूल तक पहुंचने में किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पडे़। उनका कहना है कि उन्हें हमेशा डर सताता रहता है कि उनके बच्चों के साथ किसी तरह की घटना न हो। पहले भी कई बार लावारिस कुत्ते बच्चों के साथ-साथ अभिभावकों पर भी हमला कर चुके हैं। कुत्तों के झुंड लोगों के लिए परेशानी का कारण बने हुए हैं। ऐसे में उन्हें सड़कों और गलियों से हटाया जाना जरूरी है। इसके लिए जिला प्रशासन और नगर परिषद और पशुपालन विभाग को संयुक्त रूप से काम करने की जरूरत है।
लावारिस कुत्ते परेशानी का कारण बन गए हैं। स्कूली बच्चों को काफी दिक्कत हो रही है। उन्हें स्कूल जाने में भी परेशानी हो रही है। यहां स्कूल के आसपास भी लावारिस कुत्ते भटक रहे हैं। - सन्नी, कुल्लू
स्कूलों के आसपास भटकते लावारिस कुत्ते से अभिभावकों को अपने बच्चों का डर सताता रहता है और इसके चलते अभिभावकों को अपने बच्चों को छोड़ने भी स्कूल तक जाना पड़ रहा है। - शिव ठाकुर, कुल्लू