कुल्लू। कोरोना की चुनौतियों के बीच सीजन के शुरूआती दौर में बागवानों को सेब के उम्दा मिल रहे हैं। हालांकि जिला की मंडियों में अभी सेब बहुत ही कम आ रहा है। सरकार को लाखों का राजस्व प्रदान करने वाली बंदरोल सब्जी मंडी में सोमवार को अर्ली रायल सेब 140 रुपये प्रति किलो तक बिका है।
बंदरोल सब्जी मंडी में सेब के दाम ने सारे रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। बागवानों को मिला दाम पिछले साल के मुकाबले करीब 40 फीसदी अधिक है। ऐसे में बागवानों के चेहरे खिल गए हैं। सेब के लिहाज से बंदरोल मंडी में हर साल लाखों सेब बॉक्स पहुंचते हैं। व्यापारियों में प्रतिस्पर्धा के चलते यहां बागवानों को भी उनके उत्पादों के उचित दाम मिल रहे हैं। ऐसे में लगघाटी से लेकर उझी घाटी, खराहल आदि क्षेत्रों का सेब बिकने के लिए मंडी में आ रहा है। बागवान तारा ठाकुर, लक्की, भोले राम, नेसू राम, महिंद्र सिंह, बोध राज, मनु, तेज प्रकाश और गुप्त राम ठाकुर ने कहा कि अर्ली रॉयल सेब का तुड़ान शुरू हो गया है। अर्ली रॉयल सेब सोमवार को 140 रुपये प्रति किलो तक बिका है। शुरूआती दौर में अर्ली रॉयल सेब अच्छे दाम में बिकने से इस बार सीजन में भी उम्दा दाम मिलने के आसार हैं। उधर, इस संबंध में बंदरोल सब्जी मंडी के आढ़ती मोहन ठाकुर ने कहा कि अभी सब्जी मंडी में अर्ली वैरायटी आ रही है। अर्ली रॉयल 140 रुपये प्रति किलो बिका है। उन्होंने कहा कि इस महीने आखिरी सप्ताह तक बंदरोल सब्जी मंडी में सेब की आमद बढ़ जाएगी। कोरोना के इस मुुश्किल दौर में भी बागवानों को उनके उत्पादों के बेहतर दाम मिल रहे हैं। उधर, एपीएमसी कुल्लू व लाहौल-स्पीति के सचिव सुशील गुलेरिया ने कहा कि एक अगस्त से कुल्लू जिला में सेब सीजन रफ्तार पकड़ेगा।