बीच रास्ते में फंसे कई वाहन, सुरक्षित ठिकानों की ओर भागे लोग और पर्यटक
लाहौल में एकसाथ तीन जगह बादल फटने की घटना से मची अफरा-तफरी
संवाद न्यूज एजेंसी
केलांग (लाहौल-स्पीति)। लाहौल-स्पीति में शुक्रवार को एकसाथ तीन जगह बादल फटने से बाढ़ आ गई। उदयपुर उपमंडल के तिंदी के समीप जंगल कैंप, यांगला और जिस्पा क्षेत्र में बादल फटने से अफरा-तफरी मच गई।
बादल फटने के बाद मनाली-लेह सामरिक मार्ग पर मलबे और पानी का सैलाब बहने लगा। सड़क पर बड़ी मात्रा में पत्थर और कीचड़ जमा हो गया। इससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया। घंटों तक मार्ग बंद रहा।
पूर्व जिप उपाध्यक्ष रिगजिन हायरपा ने कहा कि अचानक तेज आवाज के साथ पहाड़ियों से पानी और मलबा नीचे की ओर आया। इसने मनाली-लेह राजमार्ग को चपेट में ले लिया। आसपास के गांवों में भी स्थिति चिंताजनक है। कई वाहन बीच रास्ते में फंस गए हैं। स्थानीय लोग और पर्यटक सुरक्षित स्थानों की भागते दिखे।
सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और सीमा सड़क संगठन ने बचाव दल मौके पर भेजे है। बीआरओ की टीम जेसीबी और डोजर से मलबा हटाने में जुट गई। उपायुक्त किरण भड़ाना ने कहा कि अभी तक किसी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं है। स्थिति पर करीबी से नजर रखी जा रही है।
लाहौल इको टूरिज्म सोसाइटी के अध्यक्ष कलजंग टशी ने बताया कि मनाली-लेह मार्ग बंद होने से कई यात्रियों को बीच रास्ते में रुकना पड़ा। कई पर्यटकों ने जिस्पा और दारचा के पास अस्थायी कैंपों में शरण ली है। उधर, प्रशासन ने अपील की है कि लोग अनावश्यक यात्रा से फिलहाल बचें और मौसम सामान्य होने तक सुरक्षित स्थानों पर रहें।