मनाली (कुल्लू)। बरसात के दस्तक देते ही विश्व-विख्यात पर्यटन नगरी में चल रहे एक निजी स्कूल के 17 छात्रों के पीलिया की चपेट में आ जाने परिजनों में दहशत फैल गई है। वे अपने बच्चों के स्वास्थ्य की सुरक्षा को लेकर चिंतित हो उठे हैं। स्कूल प्रबंधन का कहना है कि 40 छात्रों के कई दिनों तक छुटटी पर रहने पर पता चला कि करीब 40 छात्रों में एक तरह के लक्षण पाए गए। जिनमें से 20 अभी भी उपचाराधीन हैं।
मामला सामने आने पर प्रशासन चौकस हो गया है। मामले की गंभीरता और संवेदनशीलता को देख मनाली के एसडीएम ने आइपीएच और स्वास्थ्य विभाग से इस संबंध में रिपोर्ट तलब की है। पहली से लेकर 11 जुलाई तक अस्पताल में आए पीलिया के मरीजों की सूची मांगी गई है।
बीएमओ नग्गर डॉ. पलजोर के अनुसार मंगलवार को पीलिया को लेकर स्कूल से कोई नया मामला सामने नहीं आया है। स्कूल प्रबंधन को फिल्टर लगाने को कहा गया है। आईपीएच के एसडीओ योगेश कुमार ने बताया कि पानी के स्रोत के सैंपल की रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
इस संबंध में सीएमओ डॉ. सुशील शर्मा के अनुसार स्कूल के जलस्रोत और ब्लड सैंपल की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। मौके का मुआयना करने के बाद कुछ हिदायतें दी गई हैं। स्थिति नियंत्रण में है। वहीं इस संबंध में एसडीएम मनाली हेमराज बेरवा के अनुसार पीलिया वाले मामले पर संबंधित विभागों से रिपोर्ट मांगी गई है। आईपीएच विभाग को पानी में क्लोरिन डालने को कहा गया है।