कुल्लू। जिला परिषद कुल्लू की त्रैमासिक बैठक में मूलभूत समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। खासकर जिले के स्कूलों में शिक्षकों की कमी, पीने के पानी की समस्या और खस्ताहाल सड़कों को लेकर जिला परिषद के सदस्यों में नाराजगी जताई। जिप परिषद सदस्य हितेश्वर सिंह ने अध्यापकों की कमी केे साथ पानी व खस्ताहाल सड़कों के मुद्दे को उठाया और संबंधित विभागों से जवाब मांगा।
जिप सदस्य शशि कटोच ने लाडा के साथ पानी की समस्या को उठाया है। लोकेंद्र कुमार ने वन विभाग की ओर से की गई कार्रवाई और स्वास्थ्य के मसलों को बैठक में उठाया गया। जिला परिषद सदस्य सीता राखा, चंद्र किरण ठाकुर, मंजरी नेगी, टेक चंद, ममता ठाकुर, प्रेमलता ठाकुर ने शिक्षा, लोनिवि और आईपीएच से संबंधित मुद्दे उठाए।
सोमवार को परिषद के सम्मेलन कक्ष में हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिला परिषद उपाध्यक्ष बलजीत डोगरा ने कहा कि सरकारी योजनाओं के कार्यान्वयन में जिला परिषद के सदस्य महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में कार्य कर सकते हैं। सभी विभागीय अधिकारी जिला परिषद सदस्यों से समन्वय स्थापित करें, जिससे सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंच सके। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे जिला परिषद सदस्यों द्वारा उठाए गए सभी मुद्दों को लेकर त्वरित कार्रवाई करें, ये सभी मुद्दे आम जनता से जुड़े होते हैं। जिला में सूखे की स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए डोगरा ने आईपीएच के अधिकारियों से विशेष तैयारियां करने की अपील भी की। बैठक में सड़क, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, परिवहन, स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य मूलभूत सुविधाओं से संबंधित समस्याओं से संबंधित प्रश्नों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस अवसर पर एडीएम अक्षय सूद ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे प्राथमिकता के आधार पर इन सभी समस्याओं के निवारण त्वरित कदम उठाएं।
लाडा फंड की धनराशि के आवंटन से संबंधित सवाल पर उन्होंने कहा कि जलविद्युत परियोजनाओं से प्रभावित पंचायतों को यह धनराशि सरकारी नियमों के अनुसार आवंटित की जा रही है। उन्होंने बताया कि रामपुर जलविद्युत परियोजना से प्रभावित कुल्लू जिला की पंचायतों की धनराशि भी जल्द ही जिला प्रशासन को मिल जाएगी। बैठक के दौरान कार्यकारी जिला पंचायत अधिकारी सतीश जम्वाल ने विभिन्न मदों का विस्तृत ब्यौरा पेश किया। इस मौके पर सहायक आयुक्त सन्नी शर्मा, बंजार के एसडीएम एमआर भारद्वाज और विभिन्न विभागों के अधिकारी भी उपस्थित थे।