सीडीपीओ कार्यालय रैत में एक दिवसीय कार्यशाला में उपस्थित मास्टर ट्रेनर। -संवाद
रैत (कांगड़ा)। कुपोषण और एनीमिया जैसी स्वास्थ्य समस्याओं के समाधान के लिए कांगड़ा में मिशन तृप्ति अभियान चलाया जा रहा है। इसके अंतर्गत मंगलवार को बाल विकास परियोजना अधिकारी कार्यालय रैत में एक दिवसीय जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनर कार्यशाला हुई। कार्यशाला में उपायुक्त हेमराज बैरवा ने शुभारंभ किया।
कार्यशाला में जिला कांगड़ा के 15 विकास खंडों से आए सीडीपीओ, पोषण समन्वयक, आंगनबाड़ी सुपरवाइजर और स्वास्थ्य विभाग के प्रतिनिधियों को मास्टर ट्रेनर के रूप में प्रशिक्षित किया गया। उपायुक्त बैरवा ने मिशन तृप्ति को जिले की एक महत्वपूर्ण पहल बताते हुए कहा कि यह अभियान मातृ एवं शिशु पोषण में सुधार लाकर कुपोषण और एनीमिया की रोकथाम करेगा।
उन्होंने कहा कि जीवन के पहले दो वर्ष बच्चों के मस्तिष्क विकास के लिए निर्णायक होते हैं। इस अवधि में संतुलित पोषण अनिवार्य है। मास्टर ट्रेनर अब खंड स्तर पर आंगनबाड़ी और स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशिक्षण देंगे। यह प्रक्रिया 20 जून तक पूरी कर ली जाएगी, जिसके बाद आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से घर-घर पोषण जागरूकता फैलाई जाएगी।
कार्यशाला में डीपीओ अशोक शर्मा ने उपायुक्त का स्वागत करते हुए अभियान की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अभियान के तहत ‘अपनी कटोरी’, समयानुसार ऊपरी आहार की शुरुआत और स्तनपान जैसे विषयों पर जोर दिया जा रहा है। विशेषज्ञों ने पोषण संबंधी भ्रांतियों को दूर करते हुए व्यावहारिक जानकारी दी। समापन सत्र की अध्यक्षता एसडीएम शाहपुर करतार चंद ने की।