नूरपुर (कांगड़ा)। हिमाचल प्रदेश के राजस्व विभाग ने सरकारी रिकॉर्ड को अपडेट करने और भविष्य में भूमि विवादों से बचने के लिए जमीन की ई-केवाईसी प्रक्रिया शुरू की है। इस प्रक्रिया के तहत भूमि मालिकों के आधार नंबर को उनकी जमीन से जोड़ा जा रहा है। एसडीएम नूरपुर गुरसिमर सिंह ने बताया कि उपमंडल में सभी पंचायतों में चरणबद्ध तरीके से ई-केवाईसी की प्रक्रिया संपन्न करवाई जाएगी। पहले चरण में सोमवार को 26 पंचायतों में आधार सीडिंग कैंप आयोजित किए जाएंगे।
वहीं, शेष पंचायतों में अगले सोमवार को यह प्रक्रिया पूरी की जाएगी। ई-केवाईसी करवाने के लिए लोगों को अपना आधार कार्ड और आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर साथ लाना आवश्यक होगा। अधिक जानकारी के लिए राजस्व विभाग एवं अपने पंचायत प्रतिनिधियों से संपर्क कर सकते हैं।