धर्मशाला। भाजपा ने शुक्रवार को जन आशीर्वाद रैली के बहाने एक तीर से कई निशाने साधे। पार्टी ने नाराज चल रहे सांसद किशन कपूर की मंच पर उपस्थिति दर्ज करवाकर एकजुटता का संदेश दिया। रैली के बहाने पार्टी ने ताकत का एहसास कराकर कार्यकर्ताओं का चुनावी जोश बढ़ाया तो विस उपचुनाव के लिए धर्मशाला में अपने अभियान को धार भी दी।
कांगड़ा-चंबा सीट से पार्टी प्रत्याशी डॉ. राजीव भारद्वाज के नामांकन के बहाने पार्टी ने सुनियोजित रणनीति के तहत यह कदम बढ़ाया। दरअसल, भाजपा सांसद अनदेखी और टिकट कटने के कारण पार्टी से नाराज हैं। उन्होंने पार्टी के चुनावी कार्यक्रमों और गतिविधियों से दूरी बना रखी है। इसे देखते हुए सांसद कपूर को पार्टी के सार्वजनिक मंच पर लाकर कार्यकर्ताओं और जनता में एकजुटता का संदेश पार्टी देना चाहती थी। धर्मशाला की जन आशीर्वाद रैली को पार्टी ने इसका जरिया बनाया। सांसद कपूर को उनके गृह क्षेत्र में ही सजे मंच पर पार्टी प्रदेश और जिला नेतृत्व के शीर्ष नेताओं और प्रत्याशियों की पंक्ति में खड़ा कर पार्टी ने यह संदेश दे दिया। इससे पहले कपूर के बेटे की भाजयुमो में ताजपोशी कराकर इसका आधार तैयार कर लिया गया था। मंच पर कांगड़ा-चंबा सीट से जुड़े पार्टी विधायकों, नेताओं और पदाधिकारियों की बड़ी संख्या में मौजूदगी भी एकजुटता के संदेश को मजबूती देती दिखी।
अभी तो ट्रेलर है, पूरी पिक्चर 4 जून को : परमार
कांगड़ा-चंबा भाजपा प्रभारी विपिन सिंह परमार ने कहा कि भाजपा में डाॅ. बिंदल और डाॅ. राजीव भारद्वाज दोनों आयुर्वेेदिक डाॅक्टर हैं। यह दोनों ऐसे इलाज करते हैं कि न रुई लगती है और न ही सुई। परमार ने कहा कि अभी तो मात्र ट्रेलर है, पूरी पिक्चर 4 जून को दिखेगी। कांग्रेस प्रत्याशी आनंद शर्मा को लेकर परमार ने कहा कि जो नेता न तो हिमाचल और न कांगड़ा-चंबा से जुड़ा हो, उसे जनता प्रतिनिधित्व कैसे सौंप देगी। उन्होंने कहा कि अटल सरकार में हिमाचल को दिए गए औद्योगिक पैकेज को यूपीए सरकार ने बंद कर दिया था और उस समय वर्तमान कांग्रेस प्रत्याशी आनंद शर्मा यूपीए सरकार में मंत्री थे, जिन्होंने हिमाचल के हक छीने हैं।
सबकुछ शिमला को तो कांगड़ा सीट ही क्यों बनाई : सुधीर शर्मा
धर्मशाला। धर्मशाला से भाजपा प्रत्याशी सुधीर शर्मा ने कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए आरोप लगाया है कि जब सब कुछ शिमला को देना है तो कांगड़ा सीट ही क्यों बनाई। सीएम सुक्खू कांगड़ा से भेदभाव कर रहे हैं। मंत्री बनातेे समय भी कांगड़ा से भेदभाव किया और अब लोकसभा प्रत्याशी उतारने की बात आई तो कांगड़ा पर चुनावी चेहरा भी शिमला का थोप दिया। कहा कि प्रदेश मेेंं मित्रों की सरकार चल रही है, लेकिन यह ज्यादा देर तक चलने वाली नहीं है। धर्मशाला से भेदभाव पर उन्होंने कहा कि धर्मशाला के विकास को रोककर अब कांग्रेस किस मुंह वोट मांग रही है। कांग्रेस को धर्मशाला की जनता से माफी मांगनी चाहिए।