डरोह (कांगड़ा)। पुलिस ट्रेनिंग सेंटर डरोह के दो पुलिस कर्मचारियों को ईमानदारी और विभाग में सराहनीय सेवाओं का इनाम मिला है। दोनों को पुलिस मेडल से सम्मानित किया जाएगा।
1966 में शिमला जिले के चौपाल के गांव माटल में जन्मे नारायण सिंह चौहान साधारण कृषक परिवार से संबंध रखते हैं। 1986 में पुलिस विभाग में बतौर आरक्षी सेवाएं शुरू कीं और आजकल पीटीसी डरोह में बतौर सब इंस्पेक्टर सेवाएं दे रहे हैं। विभाग में सेवाएं देने के साथ-साथ नारायण चौहान ने प्रभाकर और स्नातक स्तर की शिक्षा भी हासिल की। वह अपने काम के प्रति सजग माने जाते हैं। इनकी पत्नी कृष्णा चौहान भी पुलिस विभाग में बतौर सहायक उपनिरीक्षक जिला सोलन में अपनी सेवाएं दे रही हैं। चौहान के दो बच्चे हैं, जो दोनों स्नातकोत्तर स्तर की पढ़ाई कर चुके हैं।
वहीं दूसरे किशोरी लाल जिला मंडी के लडभड़ोल के गांव कटकल के रहने वाले हैं। 1961 में जन्मे किशोरी लाल के पिता भी पुलिस विभाग में ही सेवाएं दे चुके हैं। 1982 में पुलिस महकमे में बतौर आरक्षी भर्ती हुए और आज इंस्पेक्टर रैंक पर पीटीसी डरोह में सीडीआई के पद पर कार्य कर रहे हैं। किशोरी लाल ने धर्मशाला के सकोह में भी अपनी सेवाएं दी हैं।
कोट्स
पीटीसी डरोह की प्रधानाचार्या एसपी सौम्या ने दोनों कर्मचारियों की विभाग में बेहतर और सराहनीय सेवाओं के लिए पुलिस मेडल मिलने की सराहना की है। उन्होंने कहा कि इससे अन्य कर्मचारियों को भी सीख मिलती है।