अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावती के विरोध में शुक्रवार को हिमाचल प्रदेश राजपूत कल्याण सभा ने धर्मशाला में विरोध-प्रदर्शन किया। सभा के पदाधिकारियों और सदस्यों ने शहीद स्मारक धर्मशाला से कचहरी अड्डा तक रैली निकाली।
सभा के पदाधिकारियों और सदस्यों ने डीसी कांगड़ा सीपी वर्मा के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति को संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावती रिलीज न होने की मांग को लेकर ज्ञापन प्रेषित किया। हिमाचल प्रदेश राजपूत कल्याण सभा के अध्यक्ष टेक चंद राणा ने बताया कि राजपूत महारानी पद्मावती अलाउदीन खिलजी के अत्याचारों से भारतवर्ष को सुरक्षा एवं नारी समाज के सम्मान के लिए प्रतिष्ठित चितौड़गढ़ में सन1303 ई. में किए गए त्याग एवं बलिदान के लिए उन्हें सारा राजपूत एवं क्षत्रिय समाज अति आदर भाव से अपना आदर्श मानता है, जबकि फिल्मकार संजय लीला भंसाली ने अपनी विवादित फिल्म पद्मावती में महारानी के इस संघर्ष को नजरअंदाज करके ऐतिहासिक घटनाओं से जुड़े तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश किया है। इससे राजपूत समाज में रोष है। उन्होंने बताया कि भारत का समस्त राजपूत समुदाय संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावती को लेकर एकजुट होकर अपना विरोध करेगा। इस मौके पर हिमाचल प्रदेश राजपूत कल्याण सभा के चेयरमैन ठाकुर कुलदीप सिंह, उपाध्यक्ष विरेंद्र सिंह, महासचिव सीडी राणा, एचसी राणा सहित समुदाय के लोग मौजूद रहे।