5 अक्तूबर, 2024 का है मामला, 10 हजार रुपये जुर्माना भरने का भी दिया आदेश
दूध लेने गई नाबालिग को जबरन उठाकर ले गया था दोषी
अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। विशेष पोक्सो अदालत धर्मशाला में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश विजय लक्ष्मी की अदालत ने नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में आरोपी को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके अलावा 10 हजार रुपये जुर्माना भरने का भी आदेश दिए हैं।
जुर्माना अदा न करने की सूरत में दोषी को एक माह का अतिरिक्त कारावास झेलना होगा। अभियोजन पक्ष के अनुसार 5 अक्तूबर, 2024 को पीड़िता सुबह करीब 9 बजे दूध लाने के लिए घर से निकली थी। इस दौरान उसके साथ उसकी चचेरी बहन भी थी।
सुनसान रास्ते पर आरोपी पीड़िता को जबरदस्ती उठा ले गया, जबकि उसकी चचेरी बहन मौके से भाग आई और उसने घर पहुंच कर परिजनों को सारी वारदात सुनाई। इसके बाद परिजन घटनास्थल की ओर गए।
वहां उन्होंने पीड़िता को रोते हुए पाया। इसी दौरान आरोपी भी वहां मौजूद था, जिसे परिजनों ने पकड़ लिया। बाद में मामले की सूचना पुलिस को दी गई और आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
जांच और न्यायालय में पेश किए गए साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी पाया। सुनवाई के बाद अब अदालत ने दोषी को सजा सुनाई।